बलिया
चंद्रशेखर विश्वविद्यालय का दीक्षांत समारोह 24 को, गोल्ड मेडलिस्ट में लड़कियों ने लहराया परचम
बलिया के जननायक चंद्रशेखर विश्वविद्यालय का तीसरा दीक्षांत समारोह 24 जनवरी को आयोजित होगा। इसको लेकर तैयारियों जोरों पर है। इस समारोह के दौरान कई कार्यक्रम आयोजित होंगे। लेकिन सबसे खास कार्यक्रम है कि समारोह के दौरान विभिन्न विषयों में अव्वल आने वाले कुल 33 विद्यार्थियों को गोल्ड मेडल प्रदान किया जाएगा। इसमें 8 छात्र व 25 छात्राएं हैं।
इसके अलावा दीक्षांत समारोह में कुल 22621 छात्र-छात्राओं को उपाधि वितरित की जाएगी, जिसमें स्नातक के 7851 छात्र व 9148 छात्राओं संग कुल 16999 तथा परास्नातक में 2307 छात्र व 3315 छात्राओं सहित कुल 5622 छात्र-छात्राएं शामिल हैं। इसके अलावा खेल के क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन करने वाले एक छात्र को भी गोल्ड मेडल दिया जाएगा।
विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर कल्पलता पांडेय ने शुक्रवार को विश्वविद्यालय सभागार में प्रेस वार्ता कर इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि गोल्ड मेडलिस्ट में 75 फीसदी से अधिक छात्राओं की संख्या यह साबित करता है कि जनपद में लड़कियां मेहनत कर रही है। यह यहां के छात्र और छात्रा दोनों के लिए प्रेरणादायी है। उन्होंने कहा कि पिछले दीक्षांत समारोह में मैंने विश्वविद्यालय को बेहतर बनाने के लिए जो भी वादे किए थे, उसमें ज्यादातर पूरे हुए हैं। संकुल बनाने को कहा था। वर्तमान में जनपद में 14 संकुल बनाए गए। एक संकुल में 10 से 12 महाविद्यालयों को रखकर शिक्षा के क्षेत्र में बेहतर बनाने का प्रयास जारी है। महाविद्यालयों को क्षेत्रीय लोगों के साथ बैठक करने को कहा गया है और उसकी रिपोर्ट भी जमा करने के निर्देश हैं। विवि की ओर से अरविंद नेत्र पांडेय इसकी मानिटरिंग कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष के किए वादे के मुताबिक नए कोर्स भी विश्वविद्यालय में शुरू हुए। बीएससी कृषि व एमएससी हॉर्टिकल्चर की क्लास केंपस में ही चल रही है। मैथ और फिजिक्स की ऑनलाइन क्लास तो चल रही है, लेकिन पहली फरवरी से कैम्पस में भी क्लास शुरु हो जाएगी। पीजी डिप्लोमा के सभी विषयों के अध्यापक नियुक्त कर दिए गए हैं। निर्माण की बात की जाए तो यूपीपीसीएल द्वारा हॉस्टल बनाया जा रहा है। भवन निर्माण समिति के सहयोग से मानक के अनुरूप कार्य कराने पर हमारा पूरा जोर है।
कुलपति प्रो. पांडेय ने कहा कि विश्वविद्यालय में खेल को भी बढ़ावा देने पर हमारा पूरा फोकस है। इसके लिए 14 परिसर में एक-एक खेल आवंटित किया गया है। अंतर-विश्वविद्यालयीय की छह टीमें बाहर खेलने गई थी, जिसमें स्नातक द्वितीय के छात्र आरिफ अली ने हाफ मैराथन में गोल्ड मेडल प्राप्त किया। विवि ने भी आरिफ को गोल्ड मेडल देने का निर्णय लिया है, जिससे अन्य छात्र-छात्राएं भी प्रेरित हो सकें। इंटरनेशनल स्तर पर भी उसके चयन की संभावनाएं हैं। उन्होंने बताया कि एक और छात्र ने एथलेटिक्स में 6वीं पोजीशन लाया, जिसका खेलो इंडिया में चयन सम्भव है। यह सिर्फ विश्वविद्यालय के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे जिले के लिए खुशी की बात है। यहां की प्रतिभाओं को सुविधाएं दी जाए तो बेहतर परिणाम मिल सकते हैं।
featured
फेफना में अकीदत के साथ मनाया गया मोहर्रम, मातमी जुलूस और हैरतअंगेज करतब बने आकर्षण का केंद्र
बलिया। फेफना थाना क्षेत्र में शुक्रवार को मोहर्रम का पर्व पूरी अकीदत, शांति और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। चिलचिलाती धूप के बावजूद फेफना सहित आसपास के गांवों में पारंपरिक ताजिया जुलूस निकाला गया। हजरत इमाम हुसैन की शहादत की याद में मातमी दस्तों ने नोहा-ख्वानी और मातम कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।
फेफना में निकले मातमी जुलूस के दौरान मुस्लिम समुदाय के युवाओं ने पारंपरिक हैरतअंगेज करतबों का प्रदर्शन किया, जिसने लोगों का ध्यान आकर्षित किया। वहीं समाजसेवी लडू अंसारी द्वारा जुलूस में शामिल लोगों और राहगीरों के लिए ठंडे शरबत की व्यवस्था की गई, जिसकी लोगों ने सराहना की।
जुलूस निर्धारित मार्गों से गुजरते हुए कर्बला पहुंचा, जहां परंपरागत रीति-रिवाज के अनुसार ताजियों को सुपुर्द-ए-खाक किया गया।

फेफना के अलावा तीखा, मिठवार, पक्काकोट, बहादुरपुर, सिंहपुर, एकौनी, बलेजी, सागरपाली, अमडारी, निधरिया और मिढ्ढा गांवों में भी मोहर्रम का पर्व शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर थानाध्यक्ष अखिलेश चंद पांडेय पुलिस बल के साथ लगातार क्षेत्र में भ्रमण करते रहे और पूरे आयोजन पर नजर बनाए रखी। पर्व सकुशल संपन्न होने के बाद बड़ी संख्या में लोगों ने बलेजी में लगे मेले का भी आनंद लिया।

ग्रामीणों ने कहा कि मोहर्रम केवल शोक का पर्व नहीं, बल्कि इंसानियत, त्याग, सत्य और कुर्बानी का संदेश देने वाला अवसर है, जो समाज में भाईचारा, एकता और आपसी सौहार्द को मजबूत करता है।
featured
एक साल से धूल फांक रही करोड़ों की जांच सुविधा, बांसडीह सीएचसी में नहीं चालू हो सकी बायोकेमिस्ट्री एनालाइजर मशीन
बांसडीह (बलिया)। ग्रामीण क्षेत्र के मरीजों को आधुनिक जांच सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) बांसडीह में स्थापित की गई बायोकेमिस्ट्री एनालाइजर मशीन पिछले एक वर्ष से अधिक समय से निष्क्रिय पड़ी है। स्वास्थ्य विभाग की यह महत्वपूर्ण मशीन अस्पताल परिसर तक पहुंचने के बावजूद अब तक चालू नहीं हो सकी है, जिससे क्षेत्र के हजारों मरीजों को अपेक्षित लाभ नहीं मिल पा रहा है।
जानकारी के अनुसार, मशीन के संचालन से लीवर फंक्शन टेस्ट, किडनी प्रोफाइल, लिपिड प्रोफाइल, यूरिक एसिड, कोलेस्ट्रॉल, थायराइड, इलेक्ट्रोलाइट्स, कार्डियक प्रोफाइल, कैल्शियम, मैग्नीशियम, प्रोटीन और आयरन समेत करीब 30 प्रकार की महत्वपूर्ण जांचें सीएचसी स्तर पर ही उपलब्ध हो सकती हैं। फिलहाल इन जांचों के लिए मरीजों को जिला अस्पताल या निजी पैथोलॉजी केंद्रों का सहारा लेना पड़ता है, जिससे समय और धन दोनों की अतिरिक्त लागत उठानी पड़ती है।
सीएचसी बांसडीह में प्रतिदिन सैकड़ों मरीज उपचार के लिए पहुंचते हैं। सामान्य जांच सुविधाएं उपलब्ध होने के बावजूद गंभीर बीमारियों से जुड़ी कई आवश्यक जांचों का अभाव बना हुआ है। ऐसे में मशीन का चालू होना क्षेत्र की स्वास्थ्य सेवाओं के लिए बड़ा बदलाव साबित हो सकता है। अनुमान है कि इससे क्षेत्र की लगभग 40 हजार आबादी को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा।
बायोकेमिस्ट्री एनालाइजर एक अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरण है, जिसे क्लिनिकल केमिस्ट्री एनालाइजर भी कहा जाता है। यह रक्त, प्लाज्मा और सीरम जैसे जैविक नमूनों की रासायनिक जांच कर विभिन्न रोगों के सटीक निदान में मदद करता है। आधुनिक स्वास्थ्य सेवाओं में इसकी महत्वपूर्ण भूमिका मानी जाती है।
मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए बलिया के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. अभय नारायण राय ने कहा कि उन्हें मशीन के स्थापित न होने की जानकारी नहीं थी। उन्होंने आश्वासन दिया कि मामले की जांच कराकर मशीन को शीघ्र चालू कराने की कार्रवाई की जाएगी।
सीएमओ ने कहा कि मशीन के संचालन से बांसडीह सीएचसी में कई महत्वपूर्ण जांचें शुरू हो जाएंगी, जिससे मरीजों को स्थानीय स्तर पर बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध होंगी और उन्हें अनावश्यक भागदौड़ से राहत मिलेगी। अब क्षेत्रवासियों को मशीन के जल्द शुरू होने का इंतजार है।
बलिया
अघोषित बिजली कटौती पर सपा युवजन सभा का हल्ला बोल, 9 सूत्रीय मांगों के साथ सौंपा ज्ञापन
भीषण गर्मी के बीच लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती और खराब विद्युत व्यवस्था को लेकर समाजवादी युवजन सभा ने विद्युत विभाग के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। मंगलवार को समाजवादी युवजन सभा के प्रदेश अध्यक्ष अरविन्द गिरि के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने विद्युत वितरण खंड के अधिशासी अभियंता को 9 सूत्रीय मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपकर क्षेत्र की समस्याओं के शीघ्र समाधान की मांग की।
ज्ञापन में रघुनाथपुर, दुबहड़ और आईटीआई विद्युत उपकेंद्रों से जुड़े इलाकों में बार-बार हो रही बिजली कटौती पर रोक लगाने, जर्जर तारों को बदलने, कम क्षमता वाले ट्रांसफार्मरों की क्षमता बढ़ाने, फीडरों और लाइनों का नियमित रखरखाव कराने तथा उपभोक्ताओं को निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने की मांग की गई।
इस दौरान गड़वार क्षेत्र में 33 केवी लाइन पर पेड़ गिरने से बाधित बिजली आपूर्ति को बहाल कराने में व्यस्त अधिशासी अभियंता से दूरभाष पर वार्ता कर क्षेत्र की समस्याओं से अवगत कराया गया। उनकी अनुपस्थिति में विभाग द्वारा अधिकृत अधिकारी को ज्ञापन सौंपा गया।
अरविन्द गिरि ने कहा कि भीषण गर्मी में अघोषित बिजली कटौती से आम जनता, किसान, छात्र-छात्राएं, व्यापारी और छोटे व्यवसायी परेशान हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि एक सप्ताह के भीतर बिजली व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो समाजवादी लोग आम जनता के साथ मिलकर व्यापक जनआंदोलन शुरू करेंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी विद्युत विभाग और शासन-प्रशासन की होगी।
-
featured2 weeks agoधूप में पसीने से तरबतर एक डॉक्टर! बलिया को सुषमा शेखर जैसे नेताओं की ज़रूरत क्यों है?
-
featured4 days agoआवास योजना में लापरवाही पर सभी एसडीएम का वेतन रोकने के आदेश
-
featured2 weeks agoफेफना में अकीदत के साथ मनाया गया मोहर्रम, मातमी जुलूस और हैरतअंगेज करतब बने आकर्षण का केंद्र
-
featured3 weeks agoएक साल से धूल फांक रही करोड़ों की जांच सुविधा, बांसडीह सीएचसी में नहीं चालू हो सकी बायोकेमिस्ट्री एनालाइजर मशीन
-
featured3 weeks agoजननायक की जन्मशताब्दी पर महाअभियान, बलिया में हजारों लोगों को मिलेगा निःशुल्क स्वास्थ्य लाभ
-
बलिया3 weeks agoअघोषित बिजली कटौती पर सपा युवजन सभा का हल्ला बोल, 9 सूत्रीय मांगों के साथ सौंपा ज्ञापन
-
बलिया3 weeks agoबलिया में रोजगार का सुनहरा अवसर: 23 जून को लगेगा एक दिवसीय रोजगार मेला
-
featured3 weeks agoलखनऊ अग्निकांड के बाद बड़ा सवाल: क्या बलिया के कोचिंग संस्थान सुरक्षित हैं?


