Connect with us

featured

बलिया- दवा भंडार गृह में मिली अनियमितता, डीएम ने दिए कठोर करवाई के आदेश

Published

on

बलियाः स्वास्थ्य विभाग के भंडार गृह में निम्न गुणवत्ता की दवाएं/सामान होने की शिकायत मिलने के बाद जिलाधिकारी अदिति सिंह के निर्देश पर मुख्य विकास अधिकारी प्रवीण वर्मा द्वारा पांच सदस्यीय टीम का गठन कर जांच कराई गई। जांच में अनियमितता मिलने पर जिलाधिकारी ने दोषी अधिकारियों/कर्मचारियों एवं ठेकेदारों पर कार्रवाई करने का निर्देश सीएमओ को दिया है।

कोविड-19 नियंत्रण से सम्बन्धित आवश्यक सामग्री जैसे मास्क, सेनेटाइजर, थ्री लेयर मास्क, ग्लब्स, संक्रमित मरीजों की दवा किट आदि के सम्बन्ध में यह शिकायत मिली थी कि उच्चाधिकारियों के समक्ष अच्छे गुणवत्ता की उपरोक्त सामग्री प्रस्तुत की जाती है एवं सीएचसी-पीएचसी व अन्य स्तर पर निम्न स्तर की सामग्री भेजी जाती है। इसको गंभीरता से लेते हुए जांच के लिए पांच सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया, जिसमें डिप्टी कलेक्टर सीमा पांडेय, पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी राजीव यादव, ड्रग इंस्पेक्टर मोहित कुमार दीप, सहायक अभियंता लघु सिंचाई श्याम सुंदर यादव व शिशु रोग विशेषज्ञ डाॅ सिद्धार्थमणि दूबे थे।

जांच कमेटी द्वारा 17.05.2021 को प्रातः 10 बजे भंडार गृह एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का स्थलीय निरीक्षण किया गया, जिसमें यह पाया गया कि स्टाॅक रजिस्टर पर 4 मई तक ही अंकन किया गया है। निरीक्षण के दौरान स्टाॅक पंजिका पर चार प्रकार के सेनेटाइजर-वेस्ट केयर, माई बाॅडी केयर, यू-मेड कम्पनी तथा तीन प्रकार के मास्क, हैंड ग्लब्स (एक मेडीशील्ड कम्पनी का व एक बिना ब्राण्ड का) एवं तापमापी यंत्र (एम्प्रोव सिंगल प्वाइंट लेजर कम्पनी) का अंकन पाया गया।

जबकि, स्थलीय सत्यापन के दौरान मौके पर स्वीस हर्बल हैंड सेनेटाइजर, कोरोफे सेफ प्लस हैंड सेनेटाइजर व इची साइन कम्पनी के हैंड सेनेटाइजर 100 एमएल के पाए गए। सर्जिकल मास्क की भी गुणवत्ता ठीक नहीं पाई गई। हैंड ग्लब्स दो प्रकार के मिले, जिसमें एक मेडीशील्ड का, जबकि दूसरा बिना ब्राण्ड का मिला। तापमापी यंत्र भी स्टाॅक पंजिका से इतर इन्फ्रा इंडिया, माइक्रोटेक, आईक्यूरा कम्पनी का पाया गया। उक्त के सम्बन्ध में जेम पोर्टल से क्रय के सापेक्ष इतर सामग्री मौके पर पाए जाने पर भण्डार लिपिक द्वारा कोई संतोषजनक उत्तर नहीं दिया गया।

जांच समिति द्वारा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र दुबहड़ का स्थलीय निरीक्षण करने पर पाया गया कि वहां पर अत्यंत निम्न गुणवत्ता का मास्क तथा कोरोफे सेफ प्लस ब्राण्ड का सेनेटाइजर 120 एमएल का पाया गया। इस प्रकार जांच समिति द्वारा स्थलीय जांच में शिकायत प्रथमदृष्टया सही पाई गई कि जेम पोर्टल से क्रय सामग्री एवं स्थलीय जांच में पाई गई सामग्री से इतर तथा क्रय आदेश एवं भंडार पंजिका पर अंकन के विपरीत दूसरे कम्पनी की एवं निम्न गुणवत्ता की जांच सामग्री पाई गई।

इस पर जिलाधिकारी ने सीएमओ को निर्देश दिया कि जांच में दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों/कर्मचारियों एवं ठेकेदारों पर कठोर कारवाई करते हुए रिकवरी की कार्यवाही सुनिश्चित कराएं। जिलाधिकारी की ओर से मिले निर्देश के बाद सीएमओ डाॅ राजेंद्र प्रसाद ने स्टोर कीपर पारसनाथ राम को सीएमओ कार्यालय से सम्बद्ध करते हुए ड्रग वेयर हाउस में तैनात फार्माशिस्ट अशोक कुमार सिंह को भंडार गृह के स्टोर कीपर का चार्ज दे दिया है। इसके साथ ही स्टोर कीपर के खिलाफ कार्रवाई के लिए निदेशक (प्रशासन), चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवा, लखनऊ को पत्र भेज दिया गया है।

Advertisement
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

featured

जननायक की जन्मशताब्दी पर महाअभियान, बलिया में हजारों लोगों को मिलेगा निःशुल्क स्वास्थ्य लाभ

Published

on

जननायक चन्द्रशेखर जी की जन्मशताब्दी को केवल समारोहों तक सीमित न रखकर जनसेवा के संकल्प से जोड़ने की पहल की जा रही है। इसी क्रम में 26 से 28 जून तक बलिया के विभिन्न क्षेत्रों में तीन दिवसीय विशाल निःशुल्क मेडिकल कैंप का आयोजन होगा, जिसमें वाराणसी और लखनऊ से आने वाले विशेषज्ञ चिकित्सक ग्रामीणों और जरूरतमंदों का स्वास्थ्य परीक्षण कर उन्हें परामर्श देंगे।

पूर्व प्रधानमंत्री चन्द्रशेखर जी की पुत्रवधू डॉ. सुषमा शेखर के नेतृत्व में आयोजित इस स्वास्थ्य सेवा अभियान का उद्देश्य गांवों तक बेहतर चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाना है। शिविर में नेत्र, अस्थि, श्वास एवं सामान्य रोगों की जांच के साथ विशेषज्ञ डॉक्टरों द्वारा निःशुल्क परामर्श दिया जाएगा।

स्वास्थ्य शिविर का पहला चरण 26 जून को करनई स्थित वृंदावन शिक्षण संस्थान, दूसरा 27 जून को रतसर स्थित डी.एस. मेमोरियल गर्ल्स डिग्री कॉलेज तथा तीसरा 28 जून को सोहांव क्षेत्र के पिपरा कला स्थित प्रभा मंडपम में आयोजित किया जाएगा। सभी शिविर सुबह 8 बजे से दोपहर 2 बजे तक संचालित होंगे।

आयोजकों के अनुसार लखनऊ और वाराणसी के अनुभवी चिकित्सकों की टीम लोगों की स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं की जांच करेगी तथा आवश्यक चिकित्सकीय सलाह भी देगी। इससे ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को बड़े शहरों जैसी स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ अपने क्षेत्र में ही मिल सकेगा।

डॉ. सुषमा शेखर ने जनपदवासियों से अधिक से अधिक संख्या में शिविर में पहुंचकर स्वास्थ्य परीक्षण कराने और इस जनहितकारी पहल का लाभ उठाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि जननायक चन्द्रशेखर के जनसेवा के आदर्शों को आगे बढ़ाने का सबसे अच्छा माध्यम समाज के जरूरतमंद लोगों तक स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना है।

Continue Reading

featured

लखनऊ अग्निकांड के बाद बड़ा सवाल: क्या बलिया के कोचिंग संस्थान सुरक्षित हैं?

Published

on

बलिया। लखनऊ के अलीगंज स्थित कोचिंग सेंटर में लगी भीषण आग में 15 छात्रों की दर्दनाक मौत के बाद पूरे उत्तर प्रदेश में कोचिंग संस्थानों की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रारंभिक जांच में सुरक्षा मानकों और अग्निशमन व्यवस्थाओं में गंभीर लापरवाही की बात सामने आई है, जिसके बाद कई जिलों में प्रशासन ने कोचिंग संस्थानों की जांच शुरू कर दी है।

इसी बीच बलिया जिले में भी बिना मानकों और पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था के संचालित हो रहे सैकड़ों कोचिंग संस्थानों को लेकर चिंता बढ़ गई है। जिला मुख्यालय से लेकर बेल्थरा रोड, रसड़ा, सिकंदरपुर, बांसडीह और बैरिया जैसी तहसीलों तक अनेक कोचिंग सेंटर संकरी गलियों, बहुमंजिला भवनों और व्यावसायिक परिसरों में संचालित हो रहे हैं, जहां न तो अग्निशमन उपकरण दिखाई देते हैं और न ही आपातकालीन निकास की समुचित व्यवस्था।

स्थानीय लोगों का कहना है कि कई कोचिंग संस्थान क्षमता से अधिक छात्रों को बैठाकर कक्षाएं संचालित कर रहे हैं। अधिकांश भवनों में फायर एनओसी, आपातकालीन निकास, अग्निशमन यंत्र और सुरक्षा मानकों की स्थिति की कभी जांच नहीं होती। ऐसे में यदि कोई दुर्घटना होती है तो हालात बेहद भयावह हो सकते हैं।

लखनऊ हादसे के बाद कानपुर समेत कई जिलों में प्रशासन ने सुरक्षा मानकों का उल्लंघन करने वाले कोचिंग संस्थानों पर कार्रवाई शुरू कर दी है और कई संस्थानों को सील भी किया गया है।

अब सवाल यह है कि क्या बलिया प्रशासन भी जिले में संचालित कोचिंग संस्थानों का व्यापक सर्वे कराएगा? क्या बिना मानक और बिना सुरक्षा व्यवस्था के चल रहे कोचिंग सेंटरों की जांच होगी? लखनऊ की त्रासदी ने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि सुरक्षा नियमों की अनदेखी किसी भी समय बड़े हादसे का कारण बन सकती है।

(यह जनहित से जुड़ा विषय है। प्रशासन को जिले के सभी कोचिंग संस्थानों की सुरक्षा व्यवस्था, फायर एनओसी और भवन मानकों की तत्काल जांच करानी चाहिए ताकि भविष्य में किसी दुर्घटना से बचा जा सके।)

 

Continue Reading

featured

बलिया के जमुना राम मेमोरियल स्कूल में सफलता का जश्न, छात्रों ने रचा इतिहास

Published

on

सीबीएसई कक्षा 10वीं के परीक्षा परिणाम घोषित होते ही जमुना राम मेमोरियल स्कूल में खुशी की लहर दौड़ गई। उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने शानदार सफलता हासिल कर नया इतिहास रच दिया।

गुरुवार की सुबह विद्यालय परिसर में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला, जब 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले दर्जनों विद्यार्थी अपने अभिभावकों के साथ स्कूल पहुंचे। इस दौरान विद्यालय के प्रबंध निदेशक इंजीनियर तुषारनंद जी एवं प्राचार्य अजीत कुमार सिंह ने मेधावी छात्रों का माल्यार्पण कर स्वागत किया और मिष्ठान खिलाकर उनका उत्साहवर्धन किया।

परीक्षा परिणाम में चैतन्य कुमार ने 95 प्रतिशत अंक प्राप्त कर विद्यालय में प्रथम स्थान हासिल किया। अर्पित मिश्रा ने 94.6 प्रतिशत अंक के साथ द्वितीय स्थान प्राप्त किया, जबकि सजल शेखर तिवारी 92 प्रतिशत अंक के साथ तृतीय स्थान पर रहे।

इसके अलावा अविरल तिवारी, रोहन गिरी, शिवराज चौहान, अनन्या सिंह, आस्था गुप्ता, अंशुमान सिंह, शिवम सिंह, भूमि सिंह एवं प्रिया मौर्य सहित कई छात्रों ने 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त कर विद्यालय का नाम गौरवान्वित किया।

विद्यालय के संस्थापक प्रबंधक प्रोफेसर धर्मात्मानंद जी ने सभी छात्रों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

इस अवसर पर प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले चैतन्य कुमार के पिता अनिल कुमार (प्रधानाचार्य, जूनियर हाई स्कूल नरही) तथा तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले सजल शेखर तिवारी के पिता देवेश तिवारी को भी विद्यालय परिवार द्वारा सम्मानित किया गया।

विद्यालय परिवार ने इस सफलता को सामूहिक प्रयास का परिणाम बताते हुए कहा कि छात्रों की मेहनत, शिक्षकों के मार्गदर्शन और अभिभावकों के सहयोग से यह उपलब्धि संभव हो पाई है।

Continue Reading

TRENDING STORIES

error: Content is protected !!