featured
प्रियंका गांधी का ऐलान, कांग्रेस उतारेगी 40 फीसदी महिला प्रत्याशी, बलिया से इनका नाम?
मंगलवार को कांग्रेस महासचिव और उत्तर प्रदेश चुनाव की प्रभारी प्रियंका गांधी ने लखनऊ में प्रेस कांफ्रेंस को संबोधित किया। प्रियंका गांधी ने ऐलान किया है कि कांग्रेस पार्टी 2022 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में चालीस फीसदी सीटों पर महिला प्रत्याशियों को टिकट देगी। बलिया जिले में कई महिला कांग्रेसी इस बार अपनी मेहनत अजमाने की तैयारी कर रही हैं। बलिया खबर ने प्रियंका गांधी की इस घोषणा पर बलिया के महिला कांग्रेस नेताओं से बातचीत की।
बलिया के सदर विधानसभा सीट से कांग्रेस की महिला नेता हैं पूनम पांडेय। पूनम पांडेय फिलहाल बलिया आशा संघ की जिलाध्यक्ष हैं। इससे पहले उत्तर प्रदेश के महिला कांग्रेस कमेटी की सचिव रह चुकीं पूनम पांडेय विधानसभा चुनाव की तैयारी कर रही हैं। पूनम पांडेय ने कहा कि प्रियंका गांधी के इस फैसले का बलिया में बड़ा असर देखने को मिलेगा।”
उन्होंने बताया कि “मैं खुद बलिया के नगर विधानसभा सीट(361) से दावेदारी पेश करने की तैयारी कर रही हूं। अगर चालीस फीसदी सीटों में मुझे भी मौका मिलता है बलिया से हमलोग एक बड़ा संदेश देने का काम करेंगे।” बता दें कि पूनम पांडेय बलिया के महिला कांग्रेस कमेटी की उपाध्यक्ष और प्रवक्ता भी रह चुकी हैं।
बलिया जिले के सदर विधानसभा सीट के अंतर्गत ही 2021 में जिला पंचायत सदस्य बनीं रेखा कवयित्री भी सक्रिय नेता हैं। रेखा कवयित्री 2022 के समर में उतरने की तैयारी कर रही हैं। 2021 के जिला पंचायत सदस्य चुनाव में रेखा कवयित्री कांग्रेस समर्थित प्रत्याशी हैं। जिला पंचायत सदस्य के चुनाव के बाद बलिया कांग्रेस के शीर्ष नेताओं से रेखा कवयित्री की मनमुटाव की बातें भी सामने आई हैं।
रेखा कवयित्री ने बलिया खबर से बातचीत में कहा कि “मैं अपनी तैयारी कर रही हूं। अगर कांग्रेस पार्टी टिकट देगी तो अपनी पूरी ताकत से चुनाव लड़ेंगे।” बलिया कांग्रेस के नेताओं से मनमुटाव के सवाल पर उन्होंने कहा कि “पार्टी के साथ मेरी कोई नाराजगी नहीं है। लेकिन जिले में कुछ ऐसे नेता जरूर हैं जो पार्टी कार्यकर्ताओं का मनोबल तोड़ रहे हैं।”
बलिया से कांग्रेस की पुरानी महिला नेता उषा सिंह भी विधानसभा चुनाव में उतरने की तैयारी कर रही हैं। बलिया खबर से बातचीत में उषा सिंह ने कहा कि “प्रियंका गांधी जी का फैसला ऐतेहासिक है। मैं बलिया के नगर विधानसभा सीट (361) से तैयारी कर रही हूं। हालांकि कई जगह मेरा नाम सदर विधानसभा सीट के लिए भी चलाया जा रहा है। लेकिन हम नगर सीट से तैयारी कर रहे हैं।”
उषा सिंह फिलहाल कांग्रेस व्यापार प्रकोष्ठ की प्रदेश उपाध्यक्ष हैं। इससे पहले उषा सिंह बलिया यूथ कांग्रेस जिला कांग्रेस कमेटी की जिला उपाध्यक्ष रह चुकी हैं। उषा सिंह का परिवार लंबे समय से कांग्रेस पार्टी से जुड़ा हुआ है। माना जा रहा है कि उषा सिंह की दावेदारी टिकट के लिए मजबूत है।
बलिया के बांसडीह विधानसभा सीट से सोनम बिंद चुनावी मैदान में उतरने का मन बना रही हैं। हमने फोन पर सोनम बिंद से संपर्क करने की कोशिश की लेकिन बात नहीं हो सकी। जिले के छात्र नेता अतुल पांडेय बताते हैं कि “सोनम बिंद को राजनीति में आए ज्यादा वक्त नहीं हुआ है। लेकिन कम समय में ही उन्होंने क्षेत्र में ठीक-ठाक पकड़ बना ली है। बांसडीह में उनके खुब पोस्टर लगे हुए हैं।” अतुल के अनुसार “सोनम बिंद को उनकी जाति का अच्छा समर्थन मिलेगा और महिला उम्मीदवार के तौर पर एक बढ़िया विकल्प हो सकती हैं कांग्रेस के लिए।”
बता दें कि लखनऊ में प्रियंका गांधी ने आज कांग्रेस की पहली प्रतिज्ञा की घोषणा की। प्रियंका गांधी ने कहा कि हमने तय किया है कि “आने वाले चुनाव में कांग्रेस पार्टी चालीस प्रतिशत टिकट महिलाओं को देगी। हमारी प्रतिज्ञा है कि महिलाएं उत्तर प्रदेश की राजनीति में पूरी तरह से भागीदार होंगी।”
देखने वाली बात होगी क्या कांग्रेस पार्टी बलिया के सात विधानसभा सीटों पर कितनी महिला प्रत्याशियों को टिकट देती है? सियासतगंज के सूरमाओं का कहना है कि अधर में लटकी हुई कांग्रेस पार्टी ने एक बड़ी चाल चली है। प्रदेश में महिला मतदाताओं कि संख्या हालांकि यह फैसला कांग्रेस के लिए कितना कारगर साबित होता है यह चुनाव नतीजों से ही पता चलेगा।
एनडीटीवी की एक रिपोर्ट के मुताबिक 2017 में उत्तर प्रदेश में कुल मतदाताओं की संख्या 14.12 करोड़ थी। पूरे प्रदेश में 6.44 करोड़ महिला मतदाता हैं। पुरुष मतदाताओं की संख्य 7.68 करोड़ थी। देखने वाली बात होगी कि कांग्रेस के चालीस फीसदी सीटों पर महिला प्रत्याशियों को टिकट देने के फैसला महिला मतदाताओं को कितना प्रभावित करता है?
featured
बलिया के जमुना राम मेमोरियल स्कूल में सफलता का जश्न, छात्रों ने रचा इतिहास
सीबीएसई कक्षा 10वीं के परीक्षा परिणाम घोषित होते ही जमुना राम मेमोरियल स्कूल में खुशी की लहर दौड़ गई। उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए विद्यालय के छात्र-छात्राओं ने शानदार सफलता हासिल कर नया इतिहास रच दिया।
गुरुवार की सुबह विद्यालय परिसर में उत्सव जैसा माहौल देखने को मिला, जब 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करने वाले दर्जनों विद्यार्थी अपने अभिभावकों के साथ स्कूल पहुंचे। इस दौरान विद्यालय के प्रबंध निदेशक इंजीनियर तुषारनंद जी एवं प्राचार्य अजीत कुमार सिंह ने मेधावी छात्रों का माल्यार्पण कर स्वागत किया और मिष्ठान खिलाकर उनका उत्साहवर्धन किया।
परीक्षा परिणाम में चैतन्य कुमार ने 95 प्रतिशत अंक प्राप्त कर विद्यालय में प्रथम स्थान हासिल किया। अर्पित मिश्रा ने 94.6 प्रतिशत अंक के साथ द्वितीय स्थान प्राप्त किया, जबकि सजल शेखर तिवारी 92 प्रतिशत अंक के साथ तृतीय स्थान पर रहे।
इसके अलावा अविरल तिवारी, रोहन गिरी, शिवराज चौहान, अनन्या सिंह, आस्था गुप्ता, अंशुमान सिंह, शिवम सिंह, भूमि सिंह एवं प्रिया मौर्य सहित कई छात्रों ने 90 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त कर विद्यालय का नाम गौरवान्वित किया।
विद्यालय के संस्थापक प्रबंधक प्रोफेसर धर्मात्मानंद जी ने सभी छात्रों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
इस अवसर पर प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले चैतन्य कुमार के पिता अनिल कुमार (प्रधानाचार्य, जूनियर हाई स्कूल नरही) तथा तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले सजल शेखर तिवारी के पिता देवेश तिवारी को भी विद्यालय परिवार द्वारा सम्मानित किया गया।
विद्यालय परिवार ने इस सफलता को सामूहिक प्रयास का परिणाम बताते हुए कहा कि छात्रों की मेहनत, शिक्षकों के मार्गदर्शन और अभिभावकों के सहयोग से यह उपलब्धि संभव हो पाई है।
featured
बलिया के जमुना राम स्नातकोत्तर महाविद्यालय में धूमधाम से हुआ ‘नव आरंभ विदाई समारोह’
बलिया के चित्तबड़ागांव स्थित श्री जमुना राम स्नातकोत्तर महाविद्यालय में शनिवार को भावनाओं, उत्साह और रंगारंग प्रस्तुतियों के बीच “नव आरंभ विदाई समारोह-2026” का भव्य आयोजन किया गया। बीए चतुर्थ व एमए द्वितीय सेमेस्टर के छात्रों ने अपने सीनियर्स (बीए VI व एमए IV सेमेस्टर) को यादगार विदाई दी।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि इंजि० तुषारनंद ने मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। सरस्वती वंदना, स्वागत गीत और आकर्षक सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने माहौल को भावुक और उत्साहपूर्ण बना दिया।

प्राचार्य डॉ० अंगद प्रसाद गुप्त ने विद्यार्थियों को जीवन में आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस दौरान अतिथियों द्वारा छात्र-छात्राओं और शिक्षकों को सम्मानित किया गया, वहीं सीनियर छात्रों ने गुरुजनों को अंगवस्त्र भेंट कर आभार जताया।

सांस्कृतिक कार्यक्रमों में गीत, नृत्य, भजन और कविता ने सभी का मन मोह लिया। कार्यक्रम के अंत में मुख्य अतिथि ने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों को नए सफर के लिए आत्मविश्वास और प्रेरणा देते हैं।

समारोह में महाविद्यालय परिवार की गरिमामयी उपस्थिति रही, जबकि संचालन बृजेश गुप्ता, अंकिता और सलोनी ने संयुक्त रूप से किया।
featured
बलिया की सियासत में नई हलचल: इंजीनियर विजय कांत तिवारी की एंट्री, 2027 पर नजर!
बलिया– अपनी राजनीतिक चेतना और संघर्षों के लिए पहचान रखने वाले बलिया की राजनीति में अब एक नया नाम तेजी से चर्चा में है। पेशे से एक प्रतिष्ठित बहुराष्ट्रीय कंपनी (MNC) में इंजीनियर रहे विजय कांत तिवारी ने सक्रिय राजनीति में कदम रखकर राजनीतिक गलियारों में हलचल पैदा कर दी है। वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर वे बलिया विधानसभा क्षेत्र से एक मजबूत और प्रबल दावेदार के रूप में उभरते दिखाई दे रहे हैं।
बताया जाता है कि विजय कांत तिवारी लंबे समय तक कॉरपोरेट सेक्टर में अपनी सेवाएं देने के बाद अब अपने गृह जनपद के विकास और जनसमस्याओं के समाधान के उद्देश्य से राजनीति के मैदान में उतरे हैं। उनका कहना है कि बलिया जैसे ऐतिहासिक और गौरवशाली जिले में आज भी बुनियादी सुविधाओं की कमी कई क्षेत्रों में देखने को मिलती है, जिसे दूर करना उनकी प्राथमिकता होगी।
तिवारी का मुख्य फोकस जिले में बेहतर और सुलभ चिकित्सा व्यवस्था उपलब्ध कराना है। उनका मानना है कि बलिया के लोगों को गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए वाराणसी या अन्य बड़े शहरों का रुख करना पड़ता है, जो एक बड़ी समस्या है। इसके साथ ही वे सड़क, नाली और पेयजल जैसी बुनियादी समस्याओं के स्थायी समाधान पर भी जोर दे रहे हैं।
युवाओं के रोजगार को लेकर भी उन्होंने अपनी स्पष्ट योजना बताई है। विजय कांत तिवारी का कहना है कि यदि बलिया में एक सशक्त औद्योगिक क्षेत्र विकसित किया जाए और बाहरी निवेश को आकर्षित किया जाए, तो हजारों युवाओं को अपने ही जिले में रोजगार के अवसर मिल सकते हैं। उनका मानना है कि पलायन की समस्या को रोकने के लिए स्थानीय स्तर पर उद्योग और रोजगार के अवसर पैदा करना बेहद जरूरी है।
इंजीनियरिंग पृष्ठभूमि होने के कारण वे विकास कार्यों में तकनीकी समझ, पारदर्शिता और योजनाबद्ध तरीके से कार्य करने की बात करते हैं। उनका कहना है कि सरकारी योजनाओं का सही क्रियान्वयन और निगरानी सुनिश्चित कर विकास कार्यों को गति दी जा सकती है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि शिक्षित और युवा चेहरों की बढ़ती मांग के बीच विजय कांत तिवारी जैसे लोगों का राजनीति में आना आने वाले समय में बलिया की राजनीति को नई दिशा दे सकता है। वहीं स्थानीय लोगों के बीच भी उनकी छवि एक शिक्षित, सुलझे हुए और विकासोन्मुखी नेता के रूप में धीरे-धीरे मजबूत होती दिखाई दे रही है।


