बलिया
बलिया- छितेश्वर नाथ के पोखरे की 50 फीसदी मछलियां अचानक मरी, जिम्मेदारों ने नहीं ली सुध !
बलिया। बांसडीह कोतवाली क्षेत्र में एक अजीब की नजारा देखने को मिला। छितौनी स्थित सुप्रसिद्ध छितेश्वर नाथ शिव मंदिर परिसर के पोखरा में बड़ी संख्या में मछलियां मरी हुईं मिली। आकर्षण का केन्द्र रंग-बिरंगी मछलियों की मौत से लोग हैरान रह गए। छितेश्वर नाथ स्वच्छता समिति के सदस्यों ने घटना की जानकारी डीएम रविन्द्र कुमार और मत्स्य अधिकारी को दी। हालांकि कोई सूचना के बाद भी कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा।
50 फीसदी मछलियों की मौत- दरअसल मंदिर में गुरुवार सुबह पूजन-अर्चन करने पहुंचे लोगों की नजर पोखरा में उतराती मरी मछलियों पर पड़ी। देखते ही देखते पोखरा के आसपास ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई। मंदिर स्वच्छता समिति के सदस्यों ने पोखरा से मरी मछलियों को बाहर निकाला। घटना से मत्स्य विभाग को अवगत भी कराया, लेकिन कोई जिम्मेदार पहुंचा नहीं। समिति के मनोज दूबे ने बताया कि पोखरे की लगभग 50 प्रतिशत मछलियां मर चुकी है।
शेष मछलियों को बचाने की कोशिश- वहीं, मत्स्य विभाग के एक बाबू ने किसी जानकार से मंदिर स्वच्छता समिति के सदस्यों से बात कराई जिनकी सलाह के हिसाब से काम किया जा रहा है। मंदिर स्वच्छता समिति के सदस्य पोखरा में पानी छोड़ने के साथ ही कुछ दवा भी पोखरा में छोड़ रहे है, ताकि शेष मछलियों को बचाया जा सकें
।
छितेश्वर नाथ धाम है पौराणिक तीर्थ स्थल- बता दें छितौनी स्थित छितेश्वर नाथ मंदिर पौराणिक तीर्थ स्थल है। जहां हमेशा ही भक्तों की भीड़ रहती है। मंदिर परिसर में बहुत बड़ा एक पोखरा है। जहां सालों से रंग-बिरंगी मछलियां अठखेलियां करती हैं। पोखरे की मछलियों को कोई भी जाल आदि से खाने के लिए बाहर नहीं निकालता। मंदिर आने वाले श्रद्धालु मछलियों को दाना खिलाते हैं।
बलिया
शिक्षा पदम सम्मान 2025 से सम्मानित हुए हाली पाथ कॉन्वेंट स्कूल के युवा निदेशक डॉ. परवेज अंसारी
हिमाचल प्रदेश के प्रतिष्ठित हिलटॉप पब्लिक स्कूल में आयोजित भव्य सम्मान समारोह में हाली पाथ कॉन्वेंट स्कूल के युवा निदेशक डॉ. परवेज अंसारी को “शिक्षा पदम सम्मान 2025” से सम्मानित किया गया। यह सम्मान उन्हें शिक्षा के क्षेत्र में उनके 10 वर्षों से अधिक की समर्पित सेवा और अभिनव प्रयासों के लिए प्रदान किया गया।
डॉ. अंसारी की नेतृत्व क्षमता और शिक्षा के प्रति प्रतिबद्धता ने स्कूल को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाया है। उनके मार्गदर्शन में हाली पाथ कॉन्वेंट स्कूल ने गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आधुनिक शिक्षण पद्धतियों और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर विशेष ध्यान दिया है।
सम्मान प्राप्त करने के बाद डॉ. परवेज अंसारी ने कहा —
“यह सम्मान मेरे लिए प्रेरणा का स्रोत है। मैं शिक्षा के क्षेत्र में लगातार नवाचार और सुधार के लिए प्रयासरत रहूँगा।”
उनकी इस उपलब्धि से न केवल स्कूल परिवार बल्कि पूरे जनपद में गर्व की भावना व्याप्त है।
फेफना
दिखाया जज़्बा: जमुना राम मेमोरियल स्कूल के कराटे वीरों ने जीते 22 पदक, बलिया में बजाया अपना डंका
बलिया के बापू भवन में आयोजित 2nd Gyanti Devi Memorial Cup District Karate Championship 2K25 में जिले के लगभग 15 विद्यालयों ने भाग लिया। इस प्रतियोगिता में जमुना राम मेमोरियल स्कूल, मानपुर चितबड़ागांव के 22 छात्रों ने प्रतिभाग कर दमखम दिखाया।
शानदार प्रदर्शन करते हुए स्कूल के 12 छात्रों ने स्वर्ण पदक , 6 ने रजत पदक और 4 ने कांस्य पदक हासिल किए। छात्रों की इस उपलब्धि ने न केवल विद्यालय का नाम रोशन किया बल्कि माता-पिता और क्षेत्र को भी गौरवान्वित किया।
विद्यालय के प्रधानाचार्य अबरी के.बी. एवं प्रबंध निदेशक तुषार नंद जी ने विजेताओं को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की प्रतियोगिताएं बच्चों में आत्मविश्वास, अनुशासन और शारीरिक स्फूर्ति को बढ़ावा देती हैं।
विद्यालय प्रबंधन ने यह भी आश्वस्त किया कि भविष्य में भी छात्र ऐसे आयोजनों में भाग लेकर और बेहतर प्रदर्शन करेंगे।
featured
बलिया की राजनीति में हलचल: भानु दुबे जल्द कर सकते हैं सपा जॉइन, अटकलों का बाजार गर्म
बलिया।
बलिया के प्रमुख सामाजिक नेता भानु दुबे जल्द ही समाजवादी पार्टी (सपा) जॉइन कर सकते हैं। हाल ही में उनके सोशल मीडिया पोस्ट और गतिविधियों से इस बात के कयास तेज हो गए हैं। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से भानु दुबे लगातार सपा के बड़े नेताओं से मुलाकात कर रहे हैं। उनकी इन मुलाकातों और नेताओं के काफिलों में देखे जाने के बाद यह चर्चा और तेज हो गई है कि वे जल्द ही सपा का दामन थाम सकते हैं।
भानु दुबे को ब्राह्मण समाज का बड़ा चेहरा माना जाता है। सामाजिक स्तर पर उनकी लोकप्रियता भी युवाओं में काफी मजबूत है। अगर वे सपा में शामिल होते हैं तो न केवल बलिया में पार्टी को मजबूती मिलेगी, बल्कि आगामी 2027 विधानसभा चुनाव में बलिया सदर सीट से उनकी दावेदारी भी बेहद मजबूत मानी जा रही है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि भानु दुबे के सपा में आने से बलिया की राजनीति में नया समीकरण बन सकता है। और यह फैसला पूरे जिले के राजनीतिक परिदृश्य को बदल सकता है।
अब देखना दिलचस्प होगा कि भानु दुबे कब और किस मंच से सपा की सदस्यता ग्रहण करते हैं और इसके बाद जिले की राजनीति कौन सा नया मोड़ लेती है।


