Uncategorized
Google को सब पता है, जानिए कैसे छुपाए Google से आपकी प्राइवेट डिटेल्स…देखिये विडियो
दोस्तों आज के दौर में हमारी सारी डिटेल गूगल के पास होती है आज आप को हम कुछ ऐसी चीज में बताएंगे जिससे आप अपने प्राइवेट चीज है गूगल से छुपा सकते हैं जैसा कि दोस्तों आपको बता दें कि आप जो फोन यूज करते हैं वह भी एंड्रॉयड होता है यानी कि वह गूगल का ही फोन होता है और उसमें जो आप एप्लीकेशन यूज करते हैं जैसे कि प्ले स्टोर तो ये भी गूगल का ही एप्लीकेशन है उसके बाद आप जो जीमेल आईडी डालते हैं वह भी गूगल की है उसके बाद आप एप्लीकेशन इनस्टॉल करते हैं वह सारी इनफार्मेशन गूगल के पास रहती है.
दोस्तों उसके बाद आप लोकेशन देखते हो मैं देखते हो वह सारी डिटेल गूगल के पास चली जाती है तो दोस्तों घुमा फिरा के सारे डीटेल्स गूगल के पास चली जाती है आपकी फोन की जितनी भी डीटेल्स होती है वह गूगल के पास होती है उसके बाद आप गूगल क्रोम यूज करते हो उसका भी सारी डिटेल्स गूगल के पास होती है कि आप क्रोम में क्या कर रहे हो दोस्तों आप की डिटेल्स से फेसबुक से ज्यादा गूगल के पास होती हैं तो दोस्तों ऐसा नहीं है कि आप गूगल को यूज करना बंद कर दो.

उसको अब मैं आपको बता दूं कि आपने गूगल में जो जो किया है जहां-जहां गए हो जहां जहां आप की लोकेशन रही है किस वक्त आप कहां गए हो और क्या क्या सर्च किया है यह सारी डिटेल गूगल के पास होती है अगर दोस्तों आप अपने हिस्ट्री को डिलीट कर दें फिर भी यह हिस्ट्री आपकी गूगल के पास होती है तो आइए दोस्तों आपको बताएं यह कैसे होता है दोस्तों आप जब गूगल की प्राइवेसी एंड पॉलिसी देखेंगे तो उसमें साफ साफ लिखा होता है कि आपने क्या सर्च किया आप की हिस्ट्री सारा कुछ गूगल कलेक्ट करता है.

आपने कौन सी वेबसाइट देखी आपने कौन सा वीडियो देखो यह सारा कुछ गूगल कलेक्ट करता है.आपकी लोकेशन कहां है आप कहां घूम रहे हो आपकी डिवाइस की लोकेशन क्या है आपका आईपी एड्रेस सब लोग दिल के पास होता है दोस्तों अगर आपको अपनी हिस्ट्री देखना है तो आपको माय एक्टिविटी पर जाना होगा और वहां पर जाकर उसी जीमेल आईडी से लॉगइन करना पड़ेगा जो जीमेल आईडी आपके फोन में लॉगइन है.

दोस्तों इसमें आपको हर एक चीज दिख जाएगी कि आपने कब क्या किया है कौन सी इमेज देखा है क्या सर्च किया है कौन सी वीडियो देखा है एक एक जानकारी गूगल लगता है तो अगर आप ऑनलाइन कुछ भी कर रहे हैं तो आप की सारी हिस्ट्री बनती जा रही है और अगर आपने कोई ऐड भी देखा है तो भी वह गूगल जानता है कि आपने कौन से वह कौन सी एड को देखा है ।। आगे देखें वीडियो में ।।
Uncategorized
जमुना राम मेमोरियल स्कूल में कक्षा 12वीं का भव्य विदाई समारोह, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के बीच छात्रों को मिली नई उड़ान की प्रेरणा
Uncategorized
जमुना राम महाविद्यालय पहुचें बलिया एसपी ने छात्राओं को दी सुरक्षा की जानकारी
बलिया। जमुना राम स्नातकोत्तर महाविद्यालय, चितबड़ागांव में बुधवार 15 अक्टूबर को मिशन शक्ति पंचम चरण के तहत नारी सुरक्षा, नारी सम्मान व नारी स्वावलंबन विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पुलिस अधीक्षक डॉ. ओमवीर सिंह रहे।

कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण से हुआ। संस्थापक प्रबंधक प्रो. धर्मात्मा नंद, प्रबंध निदेशक ई. तुषार नंद और प्राचार्य डॉ. अंगद प्रसाद गुप्त ने मुख्य अतिथि का अंगवस्त्र और बुके देकर स्वागत किया।
एसपी डॉ. ओमवीर सिंह ने छात्राओं को आत्मरक्षा, साइबर सुरक्षा, सड़क सुरक्षा और हेल्पलाइन नंबर 112, 108, 1098, 181, 102, 1090, 1930 और 1076 की जानकारी दी तथा उन्हें अपने जीवन में आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा दी।
कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राचार्य डॉ. अंगद प्रसाद गुप्त ने की तथा संचालन श्री बृजेश गुप्ता ने किया। इस अवसर पर महाविद्यालय के सभी शिक्षक और शिक्षणेत्तर कर्मचारी उपस्थित रहे।
Uncategorized
माता-पिता की बीमारी से मौत, डीएम पहुंचे बच्चे!
बलिया। नगर के रामपुर महावल निवासी दो मासूम भाई-बहन ऋषभ सिंह (6) और रितिका सिंह (5) सोमवार को अपने नाना राधेश्याम खरवार के साथ जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और मदद की गुहार लगाई। दोनों बच्चों ने बताया कि उनके माता-पिता की मौत बीमारी से हो चुकी है और अब उनके रिश्तेदारों ने घर और आभूषणों पर कब्जा कर लिया है।
नाना राधेश्याम खरवार, जो पनिचा गांव के निवासी हैं, ने जिलाधिकारी से फरियाद करते हुए कहा कि उनकी बेटी सपना की दो वर्ष पूर्व बीमारी से मौत हो गई थी। इसके बाद दामाद रोशन सिंह को पड़ोसियों ने इतना प्रताड़ित किया कि वह भी एक वर्ष पहले बीमारी के चलते चल बसे।
राधेश्याम ने बताया कि उनकी बेटी और दामाद के आभूषण बच्चों की बड़ी मां और बड़े पिता ने अपने पास रख लिए हैं और घर में ताला लगा दिया है। उन्होंने इस संबंध में जिले के कई अधिकारियों से शिकायत की, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।
उन्होंने जिलाधिकारी से अनुरोध किया कि मुख्यमंत्री बाल संरक्षण योजना और बाल सेवायोजन योजना के तहत बच्चों को सहायता दी जाए, ताकि उनका पालन-पोषण और शिक्षा सुचारु रूप से हो सके।





