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बलिया में दयाल फाउंडेशन द्वारा लगे फ्री मेडिकल कैंप में दूसरे दिन भी लगा मरीजों का तांता!
बलिया (Ballia) में राजेश सिंह दयाल फाउंडेशन (Rajesh Singh Dayal Foundation) के तरफ लगे फ्री मेडिकल कैंप (Medical Camp) मे लगातार दूसरे दिन भी मरीजो की काफी भीड़ रही। इस दो दिवसीय कैंप में अब तक 10 हजार से ज्यादा मरीज चिकित्सीय परामर्श के साथ दवा ले चुके थे। स्वास्थ शिविर मे बांसडीह, राजपुर, शिवरामपुर देवडीह, बकवा, मैरीटार, आदर, दादर मिश्रावालिया सहित क्षेत्र के आस पास के कई गाँवों के लोगो ने स्वास्थ शिविर मे जाँच कराकर निशुल्क दवा प्राप्त किया। सबसे हैरान करने वाली बात ये थी कि पूर्व मे जँहा शिविर लग चुके थे वँहा के मरीज भी दवा लेने के लिए लाइनों में लगे रहे। स्वास्थ शिविर मे इलाज कराने पहुंचे लोगों को मुफ्त में दवा (Free Medicine) दी गई। साथ ही, उनकी तमाम जांच आदि भी फ्री में की गईं।

मरीजो का उपचार मे लगी रही विशेषज्ञों की टीम
शिविर मे नेत्र चिकित्सक, समान्य चिकित्सक, हृदय रोग विशेषज्ञ, महिला रोग विशेषज्ञ, बच्चा रोग विशेषज्ञ,सांस रोग विशेषज्ञ के सहित कुल 49 लोगो की टीम मरीजो के बेहतर स्वास्थ सेवाओं के लिए तत्पर रही।
क्या बोली बांसडीह की जनता (Public Speak)
यहाँ स्वास्थ्य शिविर में मिले इलाज व जांच और दवाओं आदि से इलाके के लोग काफी खुश दिखे। ऐसे आयोजन क्षेत्र मे कही देखने को नही मिला है जंहा निशुल्क उचित इलाज, जांच,दवा मिल रही है। लोगों का कहना था कि राजेश दयाल “नर सेवा नारायण सेवा” का कार्य चरितार्थ कर रहे है, इस तरह का और इतना सुविधाजनक मेडिकल कैंप हम लोगों ने पहले कभी नहीं देखा था। यह हमारे क्षेत्र के लिए सौभाग्य की बात है कि इस मेडिकल कैंप में लखनऊ के जाने-माने चंदन अस्पताल (Chandan Hospital Lucknow) के विशेषज्ञ डॉक्टर आकर लोगों का मुफ्त इलाज कर रहे हैं। मरीजो ने कहा कि हम इस कैंप का आयोजन करने के लिए राजेश सिंह दयाल (Rajesh Singh Dayal) को धन्यवाद देते हैं। राजेश सिंह दयाल ने लोगों द्वारा दिए गए सम्मान और प्रेम को दिल से सराहा। साथ ही, समाज की बेहतरी के लिए लगातार प्रयासरत रहने का आश्वासन दिया।

क्या बोले राजेश सिंह दयाल (Rajesh Singh Dayal)
राजेश सिंह दयाल (Rajesh Singh Dayal) ने कहा कि भले देर से ही लेकिन सही समय पर सलेमपुर लोकसभा (Salempur Lok Sabha) के विभिन्न जगहों पर राजेश सिंह दयाल फाउंडेशन (Rajesh Dayal Foundation) द्वारा स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया जा रहा है। पहले लखनऊ तथा आसपास के क्षेत्र में स्वास्थ्य शिविर का आयोजन हमारा फाउंडेशन करता था। उन्होंने कहा कि सलेमपुर लोकसभा (Salempur Lok Sabha) क्षेत्र के गरीब, किसानों,असहाय,मजलूमों के स्वास्थ्य की तरफ जब हमारा ध्यान गया तो हमने यह निर्णय लिया कि अपनी जन्मभूमि की सेवा करूंगा। इसी परिपेक्ष में सलेमपुर लोकसभा क्षेत्र के विभिन्न स्थलों पर स्वास्थ्य शिविर लगाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की स्वास्थ्य शिविर लगातार जारी रहेगा।
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Photos- जमुना राम मेमोरियल स्कूल में गणतंत्र दिवस समारोह हर्षोल्लास से संपन्न
26 जनवरी 2026 को जमुना राम मेमोरियल स्कूल के प्रांगण में 76वां गणतंत्र दिवस समारोह बड़े हर्षोल्लास, उत्साह और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। इस अवसर पर नर्सरी से लेकर कक्षा 12वीं तक के विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर उपस्थित अतिथियों एवं अभिभावकों का मन मोह लिया।

कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती पूजा एवं ध्वजारोहण के साथ हुआ। विद्यार्थियों ने अनुशासित मार्च-पास्ट के माध्यम से राष्ट्रीय ध्वज को सलामी दी। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि संस्था के अध्यक्ष प्रोफेसर धर्मात्मानंद जी ने ध्वजारोहण किया। अपने प्रेरणादायक संबोधन में उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता, समानता एवं मौलिक अधिकारों की रक्षा के लिए संविधान में निहित प्रावधानों का पालन करना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। उन्होंने विद्यार्थियों से राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
इस अवसर पर सेना से सेवानिवृत्त महानुभूतियों को स्मृति चिन्ह एवं अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया गया, जिससे समारोह की गरिमा और भी बढ़ गई।

कार्यक्रम में नन्हे-मुन्ने बच्चों द्वारा प्रस्तुत देशभक्ति गीतों ने सभी को भावविभोर कर दिया। हरियाणवी नृत्य, “मां से ही माटी” थीम पर आधारित प्रस्तुति, “पधारो मारे देश”, कव्वाली, उत्तर-पूर्व भारत का प्रसिद्ध बिहू नृत्य तथा योग प्रदर्शन को दर्शकों ने खूब सराहा। गरबा और भांगड़ा नृत्य भी विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण “वराह रूपम” नृत्य एवं कथकली प्रस्तुति रही, जिसने उपस्थित दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में विद्यालय के समस्त शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं गैर-शिक्षण कर्मचारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। संस्था के निदेशक तुषार नंद जी एवं सौम्या प्रसाद जी ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि संविधान में निहित मौलिक अधिकारों, कर्तव्यों एवं समानता के सिद्धांतों पर आधारित समाज के निर्माण से ही भारत को विश्वगुरु बनाने का सपना साकार हो सकता है।

कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य अजीत कुमार सिंह ने सभी आगंतुकों, अतिथियों, विद्यार्थियों एवं कर्मचारीगण के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम की सफलता में कोऑर्डिनेटर नीतू मिश्रा एवं अरविंद चौबे की विशेष सहभागिता रही।
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UGC के ‘Equity Rules’ में स्पष्टता व संतुलन की मांग, बलिया के भानु प्रकाश सिंह ने चेयरमैन को लिखा पत्र
बलिया। ध्रुवजी सिंह स्मृति सेवा संस्थान, पूर-बलिया के सचिव भानु प्रकाश सिंह ‘बबलू’ ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के चेयरमैन डॉ. विनीत जोशी को पत्र भेजकर यूजीसी विनियम, 2026 में आवश्यक स्पष्टीकरण और सुधार की मांग की है। उन्होंने पत्र की प्रतिलिपि राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, केंद्रीय शिक्षा मंत्री, गृह मंत्री एवं रक्षा मंत्री को भी भेजते हुए इस विषय पर शीघ्र और ठोस कार्रवाई की आवश्यकता जताई है।
भानु प्रकाश सिंह ने यूजीसी विनियमों के उद्देश्य को सराहनीय बताते हुए कहा कि उनके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए संविधान के अनुच्छेद 14, 15(1) एवं 21 तथा नैसर्गिक न्याय के सिद्धांतों के अनुरूप संतुलित, स्पष्ट और न्यायसंगत व्यवस्था अनिवार्य है। उन्होंने समता समिति के गठन, उसकी संरचना और निर्णय प्रक्रिया में पारदर्शिता, संतुलन और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए ठोस दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की।
शिकायतों के निस्तारण के लिए एक समान मानक कार्य-प्रणाली (एसओपी) तय करने पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि केवल आरोप के आधार पर कठोर कार्रवाई न्यायसंगत नहीं है। किसी भी दंडात्मक कदम से पूर्व प्रथम दृष्टया जांच आवश्यक होनी चाहिए। साथ ही झूठी या दुर्भावनापूर्ण शिकायतों के दुरुपयोग को रोकने के लिए भी स्पष्ट प्रावधान किए जाने की मांग की गई।
उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षा संस्थानों में नियमों का पालन सहयोग, मार्गदर्शन और न्याय की भावना पर आधारित होना चाहिए, न कि पुलिसिंग या अत्यधिक निगरानी जैसा वातावरण बनाकर। इसके अतिरिक्त उच्च शिक्षा को शोध और नवाचार का मजबूत केंद्र बनाने के लिए रिसर्च इंफ्रास्ट्रक्चर के सुदृढ़ीकरण, साझा प्रयोगशालाओं की स्थापना, उद्योग-सहयोग, स्टार्टअप को बढ़ावा देने और पेटेंट संस्कृति को प्राथमिकता देने का भी सुझाव दिया।


