बलिया
बलिया के पूर्व डीआइओएस के खिलाफ जमानती वारंट, ये है वजह
बलियाः इलाहाबाद हाई कोर्ट ने पूर्व DIOS बलिया के खिलाफ जमानती वारंट जारी किया है। हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद भी पूर्व विद्यालय निरीक्षक बृजेश मिश्र कोर्ट में उपस्थित नहीं हुए। जिसके बाद न्यायमूर्ति सिद्धार्थ ने यह आदेश जारी किया है।
बता दें कि बलिया के विश्वनाथ तिवारी उच्चतर माध्यमिक विद्यालय से रिटायर चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारी विजयेंद्र कुमार राम ने जिला विद्यालय निरीक्षक पर आरोप लगाते हुए याचिका दायिर की थी। जानकारी के मुताबिक प्रार्थी को विद्यालय प्रबंध समिति ने साल 1975 में नियुक्त किया था।
लेकिन साल 2010 में जिला विद्यालय निरीक्षक ने याचिकाकर्ता की वेतन रोक दी। इसके पीछे उन्होंने कारण दिया कि प्रार्थी की नियुक्ति गैर सृजित पद पर की गई थी। मामले में कोर्ट के आदेश पर जांच शुरु हुई थी। विभागीय जांच के दौरान विद्यालय में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के सृजित पांच पदों के सापेक्ष तीन कर्मचारी कार्यरत पाए गए थे। याची के अतिरिक्त अन्य दो कर्मचारियों को राजकोष से वेतन प्राप्त हो रहा था।
जिसके बाद कोर्ट ने जिला विद्यालय निरीक्षक को आठ सप्ताह में याचिका की वेतन रोकने पर विचार करने के निर्देश दिए। लेकिन जिला विद्यालय निरीक्षक ने आदेश नहीं माना। तत्कालीन जिला विद्यालय निरीक्षक ने हलफनामा देकर बताया कि विभाग ने याची को वेतन भुगतान करने का फैसला ले लिया है। इसके बाद 2020 में तत्कालीन जिला विद्यालय निरीक्षक बृजेश मिश्र ने याचिकाकर्ता की नियुक्ति को गैर सृजित पद पर होने के कारण अवैध ठहराते हुए एरियर देने से मना कर दिया।
इसके बाद जांच में पाया गया कि ब्रजेश मिश्र ने अपने पूर्ववर्ती अधिकारी के आदेश को पलट दिया है। उस आदेश के आधार पर ही तत्कालीन जिला विद्यालय निरीक्षक भास्कर मिश्र को अवमानना की कार्यवाही से मुक्त किया गया था। कोर्ट ने दोनों अधिकारियों को तलब किया, लेकिन भास्कर मिश्र कोर्ट में उपस्थित नहीं हुए। साथ ही सीजेएम बलिया को बृजेश मिश्र के खिलाफ जमानती वारंट जारी करने का निर्देश दिया है।
बलिया
शिक्षा पदम सम्मान 2025 से सम्मानित हुए हाली पाथ कॉन्वेंट स्कूल के युवा निदेशक डॉ. परवेज अंसारी
हिमाचल प्रदेश के प्रतिष्ठित हिलटॉप पब्लिक स्कूल में आयोजित भव्य सम्मान समारोह में हाली पाथ कॉन्वेंट स्कूल के युवा निदेशक डॉ. परवेज अंसारी को “शिक्षा पदम सम्मान 2025” से सम्मानित किया गया। यह सम्मान उन्हें शिक्षा के क्षेत्र में उनके 10 वर्षों से अधिक की समर्पित सेवा और अभिनव प्रयासों के लिए प्रदान किया गया।
डॉ. अंसारी की नेतृत्व क्षमता और शिक्षा के प्रति प्रतिबद्धता ने स्कूल को नई ऊँचाइयों तक पहुँचाया है। उनके मार्गदर्शन में हाली पाथ कॉन्वेंट स्कूल ने गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आधुनिक शिक्षण पद्धतियों और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास पर विशेष ध्यान दिया है।
सम्मान प्राप्त करने के बाद डॉ. परवेज अंसारी ने कहा —
“यह सम्मान मेरे लिए प्रेरणा का स्रोत है। मैं शिक्षा के क्षेत्र में लगातार नवाचार और सुधार के लिए प्रयासरत रहूँगा।”
उनकी इस उपलब्धि से न केवल स्कूल परिवार बल्कि पूरे जनपद में गर्व की भावना व्याप्त है।
फेफना
दिखाया जज़्बा: जमुना राम मेमोरियल स्कूल के कराटे वीरों ने जीते 22 पदक, बलिया में बजाया अपना डंका
बलिया के बापू भवन में आयोजित 2nd Gyanti Devi Memorial Cup District Karate Championship 2K25 में जिले के लगभग 15 विद्यालयों ने भाग लिया। इस प्रतियोगिता में जमुना राम मेमोरियल स्कूल, मानपुर चितबड़ागांव के 22 छात्रों ने प्रतिभाग कर दमखम दिखाया।
शानदार प्रदर्शन करते हुए स्कूल के 12 छात्रों ने स्वर्ण पदक , 6 ने रजत पदक और 4 ने कांस्य पदक हासिल किए। छात्रों की इस उपलब्धि ने न केवल विद्यालय का नाम रोशन किया बल्कि माता-पिता और क्षेत्र को भी गौरवान्वित किया।
विद्यालय के प्रधानाचार्य अबरी के.बी. एवं प्रबंध निदेशक तुषार नंद जी ने विजेताओं को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की प्रतियोगिताएं बच्चों में आत्मविश्वास, अनुशासन और शारीरिक स्फूर्ति को बढ़ावा देती हैं।
विद्यालय प्रबंधन ने यह भी आश्वस्त किया कि भविष्य में भी छात्र ऐसे आयोजनों में भाग लेकर और बेहतर प्रदर्शन करेंगे।
featured
बलिया की राजनीति में हलचल: भानु दुबे जल्द कर सकते हैं सपा जॉइन, अटकलों का बाजार गर्म
बलिया।
बलिया के प्रमुख सामाजिक नेता भानु दुबे जल्द ही समाजवादी पार्टी (सपा) जॉइन कर सकते हैं। हाल ही में उनके सोशल मीडिया पोस्ट और गतिविधियों से इस बात के कयास तेज हो गए हैं। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से भानु दुबे लगातार सपा के बड़े नेताओं से मुलाकात कर रहे हैं। उनकी इन मुलाकातों और नेताओं के काफिलों में देखे जाने के बाद यह चर्चा और तेज हो गई है कि वे जल्द ही सपा का दामन थाम सकते हैं।
भानु दुबे को ब्राह्मण समाज का बड़ा चेहरा माना जाता है। सामाजिक स्तर पर उनकी लोकप्रियता भी युवाओं में काफी मजबूत है। अगर वे सपा में शामिल होते हैं तो न केवल बलिया में पार्टी को मजबूती मिलेगी, बल्कि आगामी 2027 विधानसभा चुनाव में बलिया सदर सीट से उनकी दावेदारी भी बेहद मजबूत मानी जा रही है।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि भानु दुबे के सपा में आने से बलिया की राजनीति में नया समीकरण बन सकता है। और यह फैसला पूरे जिले के राजनीतिक परिदृश्य को बदल सकता है।
अब देखना दिलचस्प होगा कि भानु दुबे कब और किस मंच से सपा की सदस्यता ग्रहण करते हैं और इसके बाद जिले की राजनीति कौन सा नया मोड़ लेती है।


