खेल कूद
रोहित-विराट का तूफानी शतक, भारत ने 8 विकेट से वेस्टइंडीज को हराया
रोहित शर्मा के नाबाद 152 रन और कप्तान विराट कोहली की 140 रन की पारी की मदद से भारत ने कठिन लक्ष्य का पीछा करते हुए पहले एक दिवसीय क्रिकेट मैच में वेस्टइंडीज को आठ विकेट से हराकर पांच मैचों की श्रृंखला में 1-0 से बढत बना ली। वेस्टइंडीज ने पहले बल्लेबाजी करते हुए शिमरोन हेटमायेर की 106 रन की पारी की मदद से आठ विकेट पर 322 रन बनाये थे । जवाब में रोहित और विराट ने इस कठिन लक्ष्य को भी एकदम आसान बनाते हुए भारत को 47 गेंद बाकी रहते ही जीत दिला दी । रोहित ने 43वें ओवर की पहली गेंद पर चंद्रपाल हेमराज को छक्का लगाकर भारत को 326 रन तक पहुंचाया। गुवाहाटी के नये बारसपारा क्रिकेट स्टेडियम पर भारत की यह पहली वनडे जीत है । वनडे क्रिकेट में यह तीसरी बार हुआ है जब किन्हीं दो भारतीय बल्लेबाजों ने 140 के पार का स्कोर बनाया है। रोहित 117 गेंद में 15 चौकों और आठ छक्कों की मदद से 152 रन बनाकर नाबाद रहे । वहीं विराट ने अपना बेहतरीन फार्म बरकरार रखते हुए 107 गेंद में 140 रन बनाये जिसमें 21 चौके और दो छक्के शामिल थे । दोनों ने दूसरे विकेट के लिये 246 रन की साझेदारी की । कोहली का यह 36वां वनडे शतक है जबकि रोहित का 20वां शतक है । दोनों के बीच 15वीं बार शतकीय साझेदारी हुई है जिसमें पांचवीं बार 200 से अधिक रन बने।
कोहली को अब एक दिवसीय क्रिकेट में 10000 रन का आंकड़ा छूने के लिये सिर्फ 81 रन की जरूरत है । कोहली ने इसके साथ ही एक कैलेंडर वर्ष में 2000 अंतरराष्ट्रीय रन भी पूरे कर लिये। उन्होंने सचिन तेंदुलकर के लगातार तीन साल 2000 से अधिक रन बनाने के रिकार्ड की बराबरी भी की । कोहली लेग स्पिनर देवेंद्र बिशू की गेंद पर स्टम्प आउट हुए जिसके बाद रोहित ने अंबाती रायुडू (22) के साथ मिलकर भारत को जीत तक पहुंचाया। भारत ने पहला विकेट दूसरे ओवर में 10 रन पर ही गंवा दिया था जब सलामी बल्लेबाज शिखर धवन (4) को थामस ने बोल्ड किया । इसके बाद कैरेबियाई गेंदबाजों को हताशा ही हाथ लगी क्योंकि ना तो उन्हें विकेट मिली और ना ही वे आग उगलते रोहित और विराट के बल्लों पर अंकुश लगा सके। इससे पहले हेटमेयर (106) के शानदार शतक की बदौलत वेस्टइंडीज ने टेस्ट श्रृंखला के लचर प्रदर्शन से वापसी करते हुए आठ विकेट पर 322 रन का चुनौतीपूर्ण स्कोर खड़ा किया। बायें हाथ के 21 वर्षीय खिलाड़ी ने वेस्टइंडीज को बांग्लादेश में 2016 में पहला अंडर-19 विश्व कप खिताब दिलाने में अहम भूमिका अदा की थी। उन्होंने भारत के गेंदबाजी आक्रमण का डटकर सामना करते हुए अपना तीसरा वनडे शतक जड़ा।
उन्होंने 78 गेंद की अपनी रोमांचक पारी के दौरान छह चौके और इतने ही छक्के लगाये। भुवनेश्वर कुमार और जसप्रीत बुमराह की अनुपस्थिति (पहले दो वनडे में इन्हें आराम दिया गया है) में भारत कैरेबियाई टीम के खिलाफ रन गति को रोकने में जूझता दिखा। गेंदबाजी लचर दिख रही थी जबकि क्षेत्ररक्षण भी अच्छा नहीं रहा। ऐसा लगता है कि टेस्ट सीरीज जीतने के बाद आत्मविश्वास से लबरेज भारत ने अपनी प्रतिद्वंद्वी टीम को हल्के में लिया। हेटमेयर ने 41 गेंद में अपना अर्धशतक पूरा किया और रोवमैन पावेल (22) और कप्तान जेसन होल्डर (38) के साथ 50-50 रन से ज्यादा की भागीदारियां निभायीं। देवेंद्र बिशू ने नाबाद 22 और केमार रोच ने नाबाद 26 रन बनाये। हेटमेयर ने मोहम्मद शमी की गेंद को एक्सट्रा कवर में छक्के के लिये भेजकर अपना शतक पूरा किया। उन्होंने तेज गेंदबाजों के खिलाफ तो तेजी से रन जुटाये ही, पर युजवेंद्र चहल और रविंद्र जडेजा की स्पिन जोड़ी के खिलाफ भी अच्छी बल्लेबाजी की। लेकिन शतक पूरा करने के तुरंत बाद जडेजा की गेंद पर आउट हो गये।
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मेजर ध्यानचंद जयंती पर जमुना राम मेमोरियल स्कूल में खेल सप्ताह का आगाज, कबड्डी में खिलाड़ियों ने दिखाया दमखम
चितबड़ागांव (बलिया)। हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद की जयंती के उपलक्ष्य में जमुना राम मेमोरियल स्कूल, चितबड़ागांव में 29 अगस्त से खेल-कूद सप्ताह का भव्य शुभारंभ हुआ। आयोजन के तहत विद्यालय के चारों हाउस—रेड, ग्रीन, ब्लू और येलो—के बालक एवं बालिका वर्ग के बीच कबड्डी प्रतियोगिता कराई गई।
बालिका वर्ग में ग्रीन हाउस ने रेड हाउस को 12-10 के रोमांचक मुकाबले में हराया, जबकि येलो हाउस ने ब्लू हाउस को 20-15 से शिकस्त दी। बालिका वर्ग का खिताबी मुकाबला अगले दिन खेला जाएगा।
वहीं, बालक वर्ग में ब्लू हाउस ने शानदार प्रदर्शन करते हुए येलो हाउस को 15-8 के अंतर से हराकर जीत दर्ज की। मुकाबलों के दौरान खिलाड़ियों ने जोश, अनुशासन और टीम भावना का शानदार प्रदर्शन किया।

इस अवसर पर विद्यालय के प्रबंध निदेशक इंजीनियर तुषारनंद ने कहा कि मेजर ध्यानचंद का जीवन अनुशासन, समर्पण और देशप्रेम की प्रेरणा देता है। उन्होंने कहा कि खेल केवल हार-जीत तक सीमित नहीं है, बल्कि यह विद्यार्थियों में चरित्र निर्माण और टीम भावना विकसित करने का महत्वपूर्ण माध्यम है।

प्रधानाचार्य अजीत कुमार सिंह ने कहा कि विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा के साथ खेलकूद भी बेहद जरूरी है। ऐसे आयोजनों से बच्चों की प्रतिभा को निखरने का अवसर मिलता है।
कार्यक्रम के दौरान इंचार्ज अरविंद चौबे, इंचार्ज नीतू मिश्रा और हैंडबॉल प्रशिक्षक मनोज कुमार पाण्डेय ने खिलाड़ियों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दीं।
खेल कूद
सीबीएसई ईस्ट जोन हैंडबॉल में बलिया का जलवा, जमुना राम मेमोरियल स्कूल बना उपविजेता
सीबीएसई ईस्ट जोन हैंडबॉल प्रतियोगिता 2026-27 में बलिया की जमुना राम मेमोरियल स्कूल, चितबड़ागांव की अंडर-14 टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए उपविजेता का खिताब अपने नाम किया। मिर्जापुर के सनबीम एकेडमी नॉलेज पार्क में आयोजित इस प्रतियोगिता में टीम के शानदार प्रदर्शन से विद्यालय के साथ-साथ पूरे जिले में खुशी का माहौल है।
फाइनल मुकाबले में जमुना राम मेमोरियल स्कूल की टीम का सामना बिहार के संस्कार पब्लिक स्कूल, सकरा से हुआ। शुरुआत से ही दोनों टीमों के बीच कांटे की टक्कर देखने को मिली। जमुना राम मेमोरियल स्कूल के खिलाड़ियों ने शानदार खेल का प्रदर्शन करते हुए 4 गोल किए, लेकिन संस्कार पब्लिक स्कूल की टीम ने बेहतर तालमेल और रणनीति के दम पर 7 गोल दागते हुए मुकाबला 7-4 से जीत लिया।
फाइनल में हार के बावजूद जमुना राम मेमोरियल स्कूल की टीम ने पूरे टूर्नामेंट में अपने खेल से सभी को प्रभावित किया। सीबीएसई ईस्ट जोन जैसे बड़े स्तर की प्रतियोगिता में उपविजेता बनना विद्यालय और बलिया के लिए गौरव की बात है।

टीम की इस उपलब्धि पर विद्यालय के प्रबंध निदेशक इंजीनियर तुषार नंद, प्रधानाचार्य अजीत सिंह, इंचार्ज अरविंद चौबे और नीतू मिश्रा ने खिलाड़ियों को बधाई दी। उन्होंने टीम के खिलाड़ियों और प्रशिक्षकों की मेहनत की सराहना करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
टीम की सफलता में कोच मनोज कुमार पाण्डेय, शारीरिक शिक्षक सरदार मोहम्मद अफजल और टीम मैनेजर रश्मि श्रीवास्तव का महत्वपूर्ण योगदान रहा। प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में खिलाड़ियों ने पूरे टूर्नामेंट के दौरान अनुशासन, टीम भावना और शानदार खेल कौशल का परिचय दिया।
जमुना राम मेमोरियल स्कूल की इस उपलब्धि ने एक बार फिर साबित किया है कि बलिया के युवा खिलाड़ी खेल के बड़े मंच पर भी अपनी प्रतिभा का दमखम दिखाने में पीछे नहीं हैं।
उत्तर प्रदेश
बलिया का बढ़ा मान! जमुना राम मेमोरियल स्कूल सीबीएसई ईस्ट जोन हैंडबॉल के फाइनल में
मिर्जापुर। सनबीम एकेडमी नॉलेज पार्क, मिर्जापुर में आयोजित सीबीएसई ईस्ट जोन हैंडबॉल प्रतियोगिता 2026-27 में जमुना राम मेमोरियल स्कूल, चितबड़ागांव (बलिया) की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल में प्रवेश कर लिया।
प्रतियोगिता के दूसरे दिन खेले गए रोमांचक मुकाबले में जमुना राम मेमोरियल स्कूल ने मेजबान सनबीम एकेडमी नॉलेज पार्क को 06-02 के बड़े अंतर से हराया। मैच की शुरुआत से ही जमुना राम मेमोरियल स्कूल की टीम ने आक्रामक खेल का प्रदर्शन किया और पूरे मुकाबले में अपनी पकड़ बनाए रखी।
टीम की ओर से अंकिता कुशवाहा ने 2, रितिका यादव ने 2, आइशा गुप्ता ने 1 और श्रेया ने 1 गोल कर टीम की जीत में अहम योगदान दिया। इस शानदार जीत के साथ टीम ने प्रतियोगिता के खिताबी मुकाबले में अपनी जगह पक्की कर ली है। फाइनल मुकाबला कल खेला जाएगा।
टीम की सफलता पर विद्यालय के प्रबंध निदेशक इंजीनियर तुषारनंद एवं प्रधानाचार्य अजीत सिंह ने खिलाड़ियों और खेल स्टाफ को बधाई दी। उन्होंने शारीरिक शिक्षक सरदार मोहम्मद अफ़ज़ल, टीम प्रशिक्षक मनोज कुमार और टीम मैनेजर रश्मि श्रीवास्तव को भी शुभकामनाएं देते हुए फाइनल के लिए उत्साह बढ़ाया।
इस अवसर पर इंचार्ज अरविंद चौबे, आनन्द मिश्रा, नीतू मिश्रा सहित विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाओं ने खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन की सराहना करते हुए उन्हें फाइनल के लिए शुभकामनाएं दीं।


