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रेणु मोंडल के पहले गाने फीस सुन रह जायेंगे हैरा’न, किस्मत बदलना इसे कहते है …
रेनू मंडल को तो आप सभी जानते ही होंगे ।यह वही रेनू मंडल है जो रातों-रात सोशल मीडिया सेंसेशन बन चुकी है । दोस्तों क्या आप सभी जानते हैं कि रेनू मंडल ने अपने पहले सॉन्ग की रिकॉर्डिंग के लिए कितनी फीस ली है ?
आपको बता दें कि रेनू मंडल पश्चिम बंगाल के स्टेशन पर गाना गाया करती थी उनकी आवाज और उनके गाने से जो लोग खुश हो जाते थे वे खुश होकर रेनू को कुछ पैसे देते थे और उन्हीं पैसों से रेनू अपना पेट पालती थी ऐसा कई सालों से होता चला आ रहा था लेकिन कुछ दिनों पहले किसी ने रेनू मंडल के गाने की एक वीडियो सोशल मीडिया पर डाल दी ।

इस वीडियो में रेनू मंडल लता मंगेशकर का गाना ” एक प्यार का नगमा है मौजों की रवानी है” गा रही है। ये वीडियो इतनी तेजी से वायरल हुई कि देखते ही देखते रेनू मंडल स्टेशन पर गाना गाने वाली महिला से एक सेलिब्रिटी बन गई।
रेनू मंडल की आवाज सुनकर उनके पास बहुत सारे ऑफर आने लगे ।साथ ही हिमेश रेशमिया ने उन्हें अपनी फिल्म में एक गाना गाने का मौका भी दिया ।गाने के बोल हैं “तेरी मेरी कहानी”, . इस गाने की वीडियो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रही है जिसमें रेनू मंडल हिमेश रेशमिया के साथ रिकॉर्डिंग रूम में है ।आपको बता दें कि इस गाने की रिकॉर्डिंग के लिए हिमेश रेशमिया ने रेणु मंडल को 6 से ₹700000 दिए ,हालांकि रेनु मंडल ने इन पैसों को लेने से पहले इनकार कर दिया लेकिन हिमेश रेशमिया ने उनसे बहुत रिक्वेस्ट की और उन्हें इन पैसों को रखने के लिए कहा।

आपको बता दें कि रेनू मंडल का पहला गाना “तेरी मेरी कहानी” सोशल मीडिया पर सबसे ज्यादा देखा जाने वाला गाना बन गया है। और इतना ही नहीं अब तो सलमान खान ने भी रेनू मंडल को अपनी फिल्म में गाना गाने का मौका दे दिया है। खबरों की मानें तो अक्षय कुमार की फिल्म में भी रेनू मंडल गाना गा सकती हैं।
दोस्तों यह सोशल मीडिया का पावर ही तो है जिसने स्टेशन पर गाना गाने वाली एक महिला को एक झटके में सेलिब्रिटी बना दिया और अब हिमेश रेशमिया ने भी रेनू मंडल से इस बात का वादा किया है कि उन्हें बॉलीवुड का सुपरस्टार बनने से कोई भी नहीं रोक सकता है क्योंकि उनकी आवाज में लता मंगेशकर जैसी कशिश है। हिमेश रेशमिया ही नहीं बल्कि कई बड़ी हस्तियां रेनू मंडल की आवाज से प्रभावित हुए हैं ।

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जमुना राम मेमोरियल स्कूल में कक्षा 12वीं का भव्य विदाई समारोह, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के बीच छात्रों को मिली नई उड़ान की प्रेरणा
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जमुना राम महाविद्यालय पहुचें बलिया एसपी ने छात्राओं को दी सुरक्षा की जानकारी
बलिया। जमुना राम स्नातकोत्तर महाविद्यालय, चितबड़ागांव में बुधवार 15 अक्टूबर को मिशन शक्ति पंचम चरण के तहत नारी सुरक्षा, नारी सम्मान व नारी स्वावलंबन विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पुलिस अधीक्षक डॉ. ओमवीर सिंह रहे।

कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण से हुआ। संस्थापक प्रबंधक प्रो. धर्मात्मा नंद, प्रबंध निदेशक ई. तुषार नंद और प्राचार्य डॉ. अंगद प्रसाद गुप्त ने मुख्य अतिथि का अंगवस्त्र और बुके देकर स्वागत किया।
एसपी डॉ. ओमवीर सिंह ने छात्राओं को आत्मरक्षा, साइबर सुरक्षा, सड़क सुरक्षा और हेल्पलाइन नंबर 112, 108, 1098, 181, 102, 1090, 1930 और 1076 की जानकारी दी तथा उन्हें अपने जीवन में आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा दी।
कार्यक्रम की अध्यक्षता प्राचार्य डॉ. अंगद प्रसाद गुप्त ने की तथा संचालन श्री बृजेश गुप्ता ने किया। इस अवसर पर महाविद्यालय के सभी शिक्षक और शिक्षणेत्तर कर्मचारी उपस्थित रहे।
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माता-पिता की बीमारी से मौत, डीएम पहुंचे बच्चे!
बलिया। नगर के रामपुर महावल निवासी दो मासूम भाई-बहन ऋषभ सिंह (6) और रितिका सिंह (5) सोमवार को अपने नाना राधेश्याम खरवार के साथ जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे और मदद की गुहार लगाई। दोनों बच्चों ने बताया कि उनके माता-पिता की मौत बीमारी से हो चुकी है और अब उनके रिश्तेदारों ने घर और आभूषणों पर कब्जा कर लिया है।
नाना राधेश्याम खरवार, जो पनिचा गांव के निवासी हैं, ने जिलाधिकारी से फरियाद करते हुए कहा कि उनकी बेटी सपना की दो वर्ष पूर्व बीमारी से मौत हो गई थी। इसके बाद दामाद रोशन सिंह को पड़ोसियों ने इतना प्रताड़ित किया कि वह भी एक वर्ष पहले बीमारी के चलते चल बसे।
राधेश्याम ने बताया कि उनकी बेटी और दामाद के आभूषण बच्चों की बड़ी मां और बड़े पिता ने अपने पास रख लिए हैं और घर में ताला लगा दिया है। उन्होंने इस संबंध में जिले के कई अधिकारियों से शिकायत की, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई।
उन्होंने जिलाधिकारी से अनुरोध किया कि मुख्यमंत्री बाल संरक्षण योजना और बाल सेवायोजन योजना के तहत बच्चों को सहायता दी जाए, ताकि उनका पालन-पोषण और शिक्षा सुचारु रूप से हो सके।





