बलिया लोकसभा चुनाव के इतिहास में यह पहली मर्तबा है जब उत्तर प्रदेश के पूर्वी छोर पर बसे बलिया संसदीय क्षेत्र का चुनाव कांग्रेस की गैर मौजूदगी में लड़ा जा रहा है।
पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर, स्वतंत्रता सेनानी एवं आपातकाल के बाद हुयी क्रांति के जनक जय प्रकाश नारायण और समाजवादी चिंतक जनेश्वर मिश्र समेत कई विभूतियों की जन्मस्थली में कांग्रेस ने आजादी के बाद हर लोकसभा चुनाव में शिरकत की है।
यह पहली बार हुआ जब कांग्रेस ने इस सीट पर अपना उम्मीदवार खड़ा नहीं किया है। उसने इस सीट पर जन अधिकार मंच के उम्मीदवार का समर्थन किया था लेकिन उसका भी पर्चा खारिज हो गया है।
बता दें की इस सीट से कुल 10 उमीद्वार मैदान में हैं । बीजेपी ने भदोही के सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त को मैदान में उतारा है तो सपा-बसपा गठबंधन ने समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक सनातन पाण्डेय को अपना उमीद्वार बनाया है।
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