बलिया
बलिया – मंत्री दयाशंकर सिंह ने बाढ़ पीड़ितों को दी राहत सामग्री
बलिया में गंगा नदी की बाढ़ जैसे संकट के बीच जनप्रतिनिधि पीड़ितों में मिलकर राहत सामग्री दे रहे हैं। मंत्री दयाशंकर सिंह और राज्यसभा सांसद नीरज शेखर ने भी जीआईसी बलिया में बाढ़ प्रभावित लोगों को बाढ़ राहत सामग्री दी। बता दें बाढ़ प्रभावित लोग गंगा का जलस्तर बढ़ने के कारण विस्थापित होकर विद्यालय में रह रहे थे।
मंत्री ने 150 लाभार्थियों को समान वितरण करते समय कहा गया कि सरकार सबके लिए चिंता करती है और जरूरतमंदों को आवश्यक सामग्री हर हाल में उपलब्ध कराई जाएगी। जिला प्रशासन भी बाढ़ पीड़ितों की सहायता करने में तत्परता से लगा रहा। जिसमें जिलाधिकारी से लेकर एसडीएम और अन्य विभागों के अधिकारी शामिल रहे। बाढ़ पीड़ितों के साथ-साथ उनके पशुओं को भी चारा उपलब्ध कराया गया।
मंत्री दयाशंकर सिंह ने बताया कि प्रशासन ने मदद करने साथ ही बाढ़ पीड़ितों को राहत सामग्री के साथ-साथ पका पकाया भोजन भी प्रशासन की तरफ से उपलब्ध कराया गया। सरकार की यह मंशा है कि हर पीड़ित को सहायता सामग्री समय से उपलब्ध होती रहे।
बलिया
Protected: 2027 में रसड़ा की सियासत कैसी होगी? सर्वे में सामने आए आंकड़े
बलिया
Protected: बेल्थरा रोड में टिकट से लेकर पार्टी तक, किसे पसंद कर रहे लोग? ऑनलाइन सर्वे में सामने आए चौकाने वालेआंकड़े
featured
फेफना में अकीदत के साथ मनाया गया मोहर्रम, मातमी जुलूस और हैरतअंगेज करतब बने आकर्षण का केंद्र
बलिया। फेफना थाना क्षेत्र में शुक्रवार को मोहर्रम का पर्व पूरी अकीदत, शांति और सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ। चिलचिलाती धूप के बावजूद फेफना सहित आसपास के गांवों में पारंपरिक ताजिया जुलूस निकाला गया। हजरत इमाम हुसैन की शहादत की याद में मातमी दस्तों ने नोहा-ख्वानी और मातम कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।
फेफना में निकले मातमी जुलूस के दौरान मुस्लिम समुदाय के युवाओं ने पारंपरिक हैरतअंगेज करतबों का प्रदर्शन किया, जिसने लोगों का ध्यान आकर्षित किया। वहीं समाजसेवी लडू अंसारी द्वारा जुलूस में शामिल लोगों और राहगीरों के लिए ठंडे शरबत की व्यवस्था की गई, जिसकी लोगों ने सराहना की।
जुलूस निर्धारित मार्गों से गुजरते हुए कर्बला पहुंचा, जहां परंपरागत रीति-रिवाज के अनुसार ताजियों को सुपुर्द-ए-खाक किया गया।

फेफना के अलावा तीखा, मिठवार, पक्काकोट, बहादुरपुर, सिंहपुर, एकौनी, बलेजी, सागरपाली, अमडारी, निधरिया और मिढ्ढा गांवों में भी मोहर्रम का पर्व शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर थानाध्यक्ष अखिलेश चंद पांडेय पुलिस बल के साथ लगातार क्षेत्र में भ्रमण करते रहे और पूरे आयोजन पर नजर बनाए रखी। पर्व सकुशल संपन्न होने के बाद बड़ी संख्या में लोगों ने बलेजी में लगे मेले का भी आनंद लिया।

ग्रामीणों ने कहा कि मोहर्रम केवल शोक का पर्व नहीं, बल्कि इंसानियत, त्याग, सत्य और कुर्बानी का संदेश देने वाला अवसर है, जो समाज में भाईचारा, एकता और आपसी सौहार्द को मजबूत करता है।
-
सिकंदरपुर2 weeks agoसिकंदरपुर विधानसभा सर्वे 2027
-
बैरिया2 weeks agoबैरिया विधानसभा सर्वे 2027
-
बलिया स्पेशल2 weeks agoबलिया विधानसभा सर्वे 2027
-
बांसडीह2 weeks agoबांसडीह विधानसभा सर्वे 2027
-
फेफना2 weeks agoफेफना विधानसभा सर्वे 2027
-
रसड़ा2 weeks agoरसड़ा विधानसभा सर्वे 2027
-
बेल्थरा रोड2 weeks agoबेल्थरा रोड विधानसभा सर्वे 2027
-
featured3 days agoराम गोविंद चौधरी की विरासत संभालने को तैयार रंजीत चौधरी, फिर उन्हें कमतर दिखाने की कोशिश क्यों?


