featured
जब टैक्टर चालक से भिड़ा मंत्री दयाशंकर के भाई का काफिला!
बलिया। वो कहते हैं ना जब चाचा हो विधायक तो डर काहे का, बलिया में भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला। जहां चाचा तो नहीं मंत्री के दम पर उनके भाई और कार्यकर्ता धौंस जमा रहे हैं। हैरानी की बात तो यह है कि इस काम में पुलिस भी मंत्री के भाई का साथ दे रही है। दैनिक जागरण की एक रिपोर्ट के मुताबिक बांसडीहरोड क्षेत्र में मंत्री दयाशंकर सिंह के भाई धर्मेंद्र सिंह का काफिला टैक्टर चालक और अन्य युवकों से भिड़ता है, लेकिन पुलिस मंत्री के भाई को कुछ बोलने के बजाय उल्टा वाहन चालक समेत दो लोगों को ही गिरफ्तार कर चालान कर देती है।
मामला बांसडीहरोड क्षेत्र का है जहां राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) दयाशंकर सिंह के भाई धर्मेंद्र सिंह अपने साथियों के साथ घोरौली में एक मांगलिक कार्यक्रम में जा रहे थे। तभी उनके साथ जा रहा वाहन ट्रैक्टर की वजह से जाम में फंस गया। बस फिर क्या…मंत्री के भाई को गुस्सा आ गया। धर्मेंद्र सिंह अपने साथियों के साथ ट्रैक्टर चालक के पास पहुंचे और विवाद करने लगे। मामले ने तूल पकड़ लिया। जिसके बाद ट्रैक्टर चालक व अन्य कई युवक भी मंत्री के भाई के काफिले से भिड़ गई।
दोनों पक्षों में विवाद की जानकारी मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। पूरे घटनाक्रम में पुलिस ने अप्रत्यक्ष रुप से मंत्री के भाई का साथ दिया। पुलिस ने मंत्री के भाई और उनके साथ के लोगों को समझा कर गंतव्य को रवाना किया और वहीं ट्रैक्टर समेत देवेंद्र यादव निवासी आमघाट और अभिषेक यादव निवासी प्रतापपुर को गिरफ्तार कर थाने ले गई। घटना को लेकर देर तक मौके पर अफरा तफरी का माहौल बना रहा। पकड़े गये लोगों को छुड़ाने के लिए आधी रात तक थाना परिसर में लोगों की भीड़ जुटी रही। थानाध्यक्ष राजकुमार सिंह ने बताया कि ट्रैक्टर को सीज कर पकड़े गए 2 लोगों को शांति भंग में चालान किया है। अन्य लोगों की तलाश जारी है।
मंत्री से थानाध्यक्ष राजकुमार का पुराना नाता- गौरतलब है कि इस इलाके के थानाध्यक्ष राजकुमार सिंह हैं ये वही थानाध्यक्ष हैं जिन्हें मंत्री दयाशंकर सिंह को मंत्री बनने की बधाई देने पर लाइन हाजिर किया गया था। मंत्री को बधाई देने का वीडियो भी खूब वायरल हुआ था। राजकुमार लाइन हाजिर तो हुए लेकिन उन्हें मंत्री को बधाई देने का इनाम भी मिला। मंत्री के वर्चस्व के चलते उनका कद बढ़ा दिया। उन्हें इनाम में फेफना थाना प्रभारी से बांसडीहरोड थानाध्यक्ष बना दिया गया।
featured
Photos- जमुना राम मेमोरियल स्कूल में गणतंत्र दिवस समारोह हर्षोल्लास से संपन्न
26 जनवरी 2026 को जमुना राम मेमोरियल स्कूल के प्रांगण में 76वां गणतंत्र दिवस समारोह बड़े हर्षोल्लास, उत्साह और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। इस अवसर पर नर्सरी से लेकर कक्षा 12वीं तक के विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर उपस्थित अतिथियों एवं अभिभावकों का मन मोह लिया।

कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती पूजा एवं ध्वजारोहण के साथ हुआ। विद्यार्थियों ने अनुशासित मार्च-पास्ट के माध्यम से राष्ट्रीय ध्वज को सलामी दी। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि संस्था के अध्यक्ष प्रोफेसर धर्मात्मानंद जी ने ध्वजारोहण किया। अपने प्रेरणादायक संबोधन में उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता, समानता एवं मौलिक अधिकारों की रक्षा के लिए संविधान में निहित प्रावधानों का पालन करना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। उन्होंने विद्यार्थियों से राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
इस अवसर पर सेना से सेवानिवृत्त महानुभूतियों को स्मृति चिन्ह एवं अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया गया, जिससे समारोह की गरिमा और भी बढ़ गई।

कार्यक्रम में नन्हे-मुन्ने बच्चों द्वारा प्रस्तुत देशभक्ति गीतों ने सभी को भावविभोर कर दिया। हरियाणवी नृत्य, “मां से ही माटी” थीम पर आधारित प्रस्तुति, “पधारो मारे देश”, कव्वाली, उत्तर-पूर्व भारत का प्रसिद्ध बिहू नृत्य तथा योग प्रदर्शन को दर्शकों ने खूब सराहा। गरबा और भांगड़ा नृत्य भी विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण “वराह रूपम” नृत्य एवं कथकली प्रस्तुति रही, जिसने उपस्थित दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में विद्यालय के समस्त शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं गैर-शिक्षण कर्मचारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। संस्था के निदेशक तुषार नंद जी एवं सौम्या प्रसाद जी ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि संविधान में निहित मौलिक अधिकारों, कर्तव्यों एवं समानता के सिद्धांतों पर आधारित समाज के निर्माण से ही भारत को विश्वगुरु बनाने का सपना साकार हो सकता है।

कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य अजीत कुमार सिंह ने सभी आगंतुकों, अतिथियों, विद्यार्थियों एवं कर्मचारीगण के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम की सफलता में कोऑर्डिनेटर नीतू मिश्रा एवं अरविंद चौबे की विशेष सहभागिता रही।
featured
UGC के ‘Equity Rules’ में स्पष्टता व संतुलन की मांग, बलिया के भानु प्रकाश सिंह ने चेयरमैन को लिखा पत्र
बलिया। ध्रुवजी सिंह स्मृति सेवा संस्थान, पूर-बलिया के सचिव भानु प्रकाश सिंह ‘बबलू’ ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के चेयरमैन डॉ. विनीत जोशी को पत्र भेजकर यूजीसी विनियम, 2026 में आवश्यक स्पष्टीकरण और सुधार की मांग की है। उन्होंने पत्र की प्रतिलिपि राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, केंद्रीय शिक्षा मंत्री, गृह मंत्री एवं रक्षा मंत्री को भी भेजते हुए इस विषय पर शीघ्र और ठोस कार्रवाई की आवश्यकता जताई है।
भानु प्रकाश सिंह ने यूजीसी विनियमों के उद्देश्य को सराहनीय बताते हुए कहा कि उनके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए संविधान के अनुच्छेद 14, 15(1) एवं 21 तथा नैसर्गिक न्याय के सिद्धांतों के अनुरूप संतुलित, स्पष्ट और न्यायसंगत व्यवस्था अनिवार्य है। उन्होंने समता समिति के गठन, उसकी संरचना और निर्णय प्रक्रिया में पारदर्शिता, संतुलन और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए ठोस दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की।
शिकायतों के निस्तारण के लिए एक समान मानक कार्य-प्रणाली (एसओपी) तय करने पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि केवल आरोप के आधार पर कठोर कार्रवाई न्यायसंगत नहीं है। किसी भी दंडात्मक कदम से पूर्व प्रथम दृष्टया जांच आवश्यक होनी चाहिए। साथ ही झूठी या दुर्भावनापूर्ण शिकायतों के दुरुपयोग को रोकने के लिए भी स्पष्ट प्रावधान किए जाने की मांग की गई।
उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षा संस्थानों में नियमों का पालन सहयोग, मार्गदर्शन और न्याय की भावना पर आधारित होना चाहिए, न कि पुलिसिंग या अत्यधिक निगरानी जैसा वातावरण बनाकर। इसके अतिरिक्त उच्च शिक्षा को शोध और नवाचार का मजबूत केंद्र बनाने के लिए रिसर्च इंफ्रास्ट्रक्चर के सुदृढ़ीकरण, साझा प्रयोगशालाओं की स्थापना, उद्योग-सहयोग, स्टार्टअप को बढ़ावा देने और पेटेंट संस्कृति को प्राथमिकता देने का भी सुझाव दिया।


