featured
बलिया- औद्योगिक क्षेत्र को लेकर MLA का भ्रामक पोस्ट, सपा नेता बोले-पहले सड़क ठीक करा लें विधायक
बेल्थरा रोड डेस्क : विकास के वादे के साथ उत्तर प्रदेश की सत्ता पर काबिज़ होने वाली बीजेपी के नेताओं को विकास कार्य दिखाने के लिए भ्रामक पोस्ट का सहारा लेना पड़ रहा है। बेल्थरा रोड से बीजेपी विधायक धनंजय कनौजिया ने बीते कल बेल्थरा रोड के विकास को लेकर फेसबुक पर एक भ्रामक पोस्ट किया।
उन्होंने पोस्ट में दावा किया कि बेल्थरा रोड को औद्योगिक निवेश क्षेत्र घोषित कर दिया गया है। कनौजिया ने पोस्ट में बताया कि इस बात की जानकारी उन्हें ख़ुद उत्तर प्रदश के औद्योगिक विकास मंत्री सतीश महाना से मिली। इसके लिए उन्होंने सतीश महाना का शुक्रिया भी अदा किया। लेकिन जब उनका पोस्ट वायरल हुआ और उनके पोस्ट के आधार पर ख़बरें सामने आईं तो इसपर सवाल उठने लगे।
जिसके बाद पत्रकारों ने इस संबंध में विधायक से बात की। पत्रकारों ने विधायक से पूछा कि क्या आपके पास बेल्थरा रोड को औद्योगिक निवेश क्षेत्र घोषित किए जाने का कोई शासनादेश है तो उन्होंने कहा कि अभी इस संबंध में बात चल रही है। बेल्थरा रोड को औद्योगिक क्षेत्र बनाने का प्रस्ताव दे दिया गया है। उन्होंने यहां ये स्वीकार किया कि अभी इस संबंध में कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
यानी विधायक ने मान लिया कि उन्होंने जो पहले बेल्थरा रोड को औद्योगिक क्षेत्र घोषित किए जाने को लेकर पोस्ट किया था, वो ग़लत है। बीजेपी विधायक की इस ग़लती पर समाजवादी पार्टी ने निशाना साधा है। सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष आद्याशंकर यादव ने धनंजय कनौजिया के फेसबुक पोस्ट को हास्यास्पद बताया।
उन्होंने कहा कि विधायक धनंजय कनौजिया ने अपने 4 साल के कार्यकाल की नाकामी को छुपाने के लिए कपोल कल्पित बात कह करके क्षेत्र की जनता को गुमराह करने का काम किया है। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि विधायक बेल्थरारोड को ज़िला क्यों नही बनवा देते। जिला बन जायेगा तो ऐसे ही यह औद्योगिक क्षेत्र हो जायेगा।
सपा नेता ने बीजेपी विधायक पर हमला बोलते हुए कहा कि जो चौकिया से लेकर देवेंद्र डिग्री कालेज तक सड़क नहीं बना सकता वह औद्योगिक क्षेत्र कैसे बनवा सकता है। उन्होंने कहा कि इस तरह के भ्रामक पोस्ट चुनाव के लिए किए जा रहे हैं। विधायक इस तरह से यहां के लोगों को बेवकूफ़ बनाकर चुनाव जीतना चाहते हैं।
इस दौरान सपा नेता ने मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री को भी आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि योगी आदित्यनाथ ने एक साल पहले उद्योगपतियों को बुलाया था। प्रधानमंत्री की देखरेख में घोषणा की गई थी कि उत्तरप्रदेश में भारी निवेश होगा लेकिन प्रदेश के मुखिया के द्वारा आजतक धरातल पर कुछ नहीं हुआ।
(बलिया ख़बर ने भी विधायक धनंजय कनौजिया के पोस्ट के आधार पर बेल्थरा रोड को औद्योगिक क्षेत्र घोषित किए जाने की ख़बर प्रकाशित की थी, जो कि ग़लत है। )
featured
Photos- जमुना राम मेमोरियल स्कूल में गणतंत्र दिवस समारोह हर्षोल्लास से संपन्न
26 जनवरी 2026 को जमुना राम मेमोरियल स्कूल के प्रांगण में 76वां गणतंत्र दिवस समारोह बड़े हर्षोल्लास, उत्साह और गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। इस अवसर पर नर्सरी से लेकर कक्षा 12वीं तक के विद्यार्थियों ने रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर उपस्थित अतिथियों एवं अभिभावकों का मन मोह लिया।

कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती पूजा एवं ध्वजारोहण के साथ हुआ। विद्यार्थियों ने अनुशासित मार्च-पास्ट के माध्यम से राष्ट्रीय ध्वज को सलामी दी। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि संस्था के अध्यक्ष प्रोफेसर धर्मात्मानंद जी ने ध्वजारोहण किया। अपने प्रेरणादायक संबोधन में उन्होंने कहा कि सामाजिक समरसता, समानता एवं मौलिक अधिकारों की रक्षा के लिए संविधान में निहित प्रावधानों का पालन करना प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। उन्होंने विद्यार्थियों से राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।
इस अवसर पर सेना से सेवानिवृत्त महानुभूतियों को स्मृति चिन्ह एवं अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया गया, जिससे समारोह की गरिमा और भी बढ़ गई।

कार्यक्रम में नन्हे-मुन्ने बच्चों द्वारा प्रस्तुत देशभक्ति गीतों ने सभी को भावविभोर कर दिया। हरियाणवी नृत्य, “मां से ही माटी” थीम पर आधारित प्रस्तुति, “पधारो मारे देश”, कव्वाली, उत्तर-पूर्व भारत का प्रसिद्ध बिहू नृत्य तथा योग प्रदर्शन को दर्शकों ने खूब सराहा। गरबा और भांगड़ा नृत्य भी विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण “वराह रूपम” नृत्य एवं कथकली प्रस्तुति रही, जिसने उपस्थित दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

इस भव्य आयोजन को सफल बनाने में विद्यालय के समस्त शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं गैर-शिक्षण कर्मचारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। संस्था के निदेशक तुषार नंद जी एवं सौम्या प्रसाद जी ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि संविधान में निहित मौलिक अधिकारों, कर्तव्यों एवं समानता के सिद्धांतों पर आधारित समाज के निर्माण से ही भारत को विश्वगुरु बनाने का सपना साकार हो सकता है।

कार्यक्रम के अंत में विद्यालय के प्रधानाचार्य अजीत कुमार सिंह ने सभी आगंतुकों, अतिथियों, विद्यार्थियों एवं कर्मचारीगण के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम की सफलता में कोऑर्डिनेटर नीतू मिश्रा एवं अरविंद चौबे की विशेष सहभागिता रही।
featured
UGC के ‘Equity Rules’ में स्पष्टता व संतुलन की मांग, बलिया के भानु प्रकाश सिंह ने चेयरमैन को लिखा पत्र
बलिया। ध्रुवजी सिंह स्मृति सेवा संस्थान, पूर-बलिया के सचिव भानु प्रकाश सिंह ‘बबलू’ ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के चेयरमैन डॉ. विनीत जोशी को पत्र भेजकर यूजीसी विनियम, 2026 में आवश्यक स्पष्टीकरण और सुधार की मांग की है। उन्होंने पत्र की प्रतिलिपि राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, केंद्रीय शिक्षा मंत्री, गृह मंत्री एवं रक्षा मंत्री को भी भेजते हुए इस विषय पर शीघ्र और ठोस कार्रवाई की आवश्यकता जताई है।
भानु प्रकाश सिंह ने यूजीसी विनियमों के उद्देश्य को सराहनीय बताते हुए कहा कि उनके प्रभावी क्रियान्वयन के लिए संविधान के अनुच्छेद 14, 15(1) एवं 21 तथा नैसर्गिक न्याय के सिद्धांतों के अनुरूप संतुलित, स्पष्ट और न्यायसंगत व्यवस्था अनिवार्य है। उन्होंने समता समिति के गठन, उसकी संरचना और निर्णय प्रक्रिया में पारदर्शिता, संतुलन और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए ठोस दिशा-निर्देश जारी करने की मांग की।
शिकायतों के निस्तारण के लिए एक समान मानक कार्य-प्रणाली (एसओपी) तय करने पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि केवल आरोप के आधार पर कठोर कार्रवाई न्यायसंगत नहीं है। किसी भी दंडात्मक कदम से पूर्व प्रथम दृष्टया जांच आवश्यक होनी चाहिए। साथ ही झूठी या दुर्भावनापूर्ण शिकायतों के दुरुपयोग को रोकने के लिए भी स्पष्ट प्रावधान किए जाने की मांग की गई।
उन्होंने स्पष्ट किया कि शिक्षा संस्थानों में नियमों का पालन सहयोग, मार्गदर्शन और न्याय की भावना पर आधारित होना चाहिए, न कि पुलिसिंग या अत्यधिक निगरानी जैसा वातावरण बनाकर। इसके अतिरिक्त उच्च शिक्षा को शोध और नवाचार का मजबूत केंद्र बनाने के लिए रिसर्च इंफ्रास्ट्रक्चर के सुदृढ़ीकरण, साझा प्रयोगशालाओं की स्थापना, उद्योग-सहयोग, स्टार्टअप को बढ़ावा देने और पेटेंट संस्कृति को प्राथमिकता देने का भी सुझाव दिया।



