उत्तर प्रदेश की बीजेपी सरकार से नाराज चल रहे सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने ओम प्रकाश राजभर मंगलवार को
राजभर ने सीधे तौर पर कहा कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को चार-पांच ब्यूरोक्रैट ने घेर रखा है. न्यूज़ 18 की रिपोर्ट के मुताबिक ब्यूरोक्रैट उन्हीं के इशारे पर काम कर रहे हैं. उन्होंने कहा कि अगर बीजेपी उनकी बात नहीं सुनती है तो वह गठबंधन से अलग भी हो सकते हैं. जब बात ही नहीं सुनी जा रही है तो ऐसे में गठबंधन के क्या मायने.?
उन्होंने कहा कि बीजेपी ने कभी भी गठबंधन का धर्म नहीं निभाया. उन्होंने कहा कि जब मेरी बात मीडिया के माध्यम से बीजेपी हाईकमान तक पहुंची तब जाकर ओम माथुर और अमित शाह का फोन मेरे पास आया. मैं उनसे मिलने के लिए डेढ़ घंटे से इंतजार कर रहा हूं. राजभर ने कहा कि हम राज्यसभा सीट के लिए समर्थन देने को तैयार हैं लेकिन अगर हमारी पार्टी और हमारी इसी तरह से उपेक्षा की जाएगी. तो हम अपनी पार्टी के नेताओं के साथ बैठक करेंगे और गठबंधन पर निर्णय लेंगे.
उन्होंने कहा कि बीजेपी को बहुमत का घमंड हो गया है. एक केंद्रीय मंत्री के सामने बीजेपी के मंत्री ने मंच से उनका अपमान किया. इतना ही नहीं एक मंत्री की दरोगा भी नहीं सुन रहा है. यह किसके इशारे पर हो रहा है. ओम प्रकाश राजभर ने कहा कि सीधी सी बात है कि दरोगा को ऐसा करने के लिए कहा गया होगा. वह खुलेआम गाली देता घूम रहा है. हालांकि अब सोमवार को डीजीपी ने जरूर उस दरोगा को निलंबित कर दिया लेकिन केंद्रीय मंत्री के समक्ष उन्हें जिस तरह से अपमानित किया. यह इस ओर इशारा करता है कि एक साजिश रची जा रही है. ओम प्रकाश राजभर ने गठबंधन के सवाल पर कहा कि अगर उनकी नहीं सुनी जा रही है तो ऐसे में गठबंधन का कोई औचित्य नहीं रह जाता है.
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