बलिया नगर पालिका के अधिशाषी अधिकारी को शासन ने निलंबित कर दिया है। कार्यभार संभालने के दो सप्ताह बाद ही नवागत ईओ अखिलेश कुमार त्रिपाठी को वित्तीय अनिमितता के आरोप में सस्पेंड किया गया है।
निलंबन की अवधि में ईओ को लखनऊ स्थित मुख्यालय से संबद्ध किया गया है। ईओ अखिलेश त्रिपाठी पर पहले बस्ती जिले में कार्यरत थे, जहां तैनाती के दौरान उन्होंने राज्य वित्त से आवंटित धन से ठेकेदारों का भुगतान किया था।
जबकि शासन का सख्त निर्देश है कि राज्य वित्त के मद का उपयोग कर्मचारियों के तनख्वाह, पेंशन, पीएफ और एलआईसी का भुगतान में ही किया जाए। लेकिन बस्ती के तत्कालीन और बलिया के नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी अखिलेश कुमार त्रिपाठी ने कोरोना काल में राज्य वित्त के मद से ही डीजल और अन्य खरीदे गए सामानों का भुगतान किया था।
इससे नगर पालिका बस्ती के कर्मचारियों का वेतन, पेंशन और पीएफ के अलावा एलआईसी आई का भुगतान लंबित हो गया था। इसके विरोध में कर्मचारी हाई कोर्ट चले गए थे। जिस पर उच्च न्यायालय ने शासन से जबाव तलब किया था। इसके बाद हुई जांच में अधिशासी अधिकारी दोषी पाए गए जिसके बाद उन्हें निलंबित कर दिया गया।
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