बलिया जिले की गौशालाओं को रोजगार से जोड़ने की तैयारी चल रही है। जिले में गोवंश के गोबर से गोकाष्ठ बनाने की प्रकिया चल रही है। गोकाष्ठ को जिले के श्मशान घाटों, ईंट-भट्ठों समेत कई स्थानों पर भेजा जाएगा।
जिले में निराश्रित गोवंश से होने वाले समस्याओं को देखते हुए गौशालाओं का निर्माण किया जा रहा है। अब इन गौशालाओं से कमाई भी की जाएगी। इससे गोशाला का खर्च भी निकलेगा साथ ही लोगों को रोजगार मिलेगा।
इसके लिए सभी खंड विकास अधिकारियों को दिशा-निर्देश जारी किए जा चुके हैं। सभी गोशाला में गोकाष्ठ बनाने की मशीन लगाई जानी हैं। गोकाष्ठ बनाकर जिले के श्मशान घाट, ईंट भट्ठों और अन्य जगहों पर आपूर्ति की जाएगी। हवन आदि के लिए भी गोकाष्ठ मुहैया होगी। इस व्यापारिक गतिविधि को ऑनलाइन बाजार भी उपलब्ध कराया जाएगा।
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