Categories: featured

बाढ़ के कहर से कराह रहा बलिया, घाघरा का जलस्तर बढ़ा, कई गांवों में घुसा पानी

बलिया बाढ़ के कहर से कराह रहा है। घाघरा नदी का जलस्तर दिनों-दिन बढ़ता जा रहा है। नदी का बढ़ता पानी गांवों को अपनी चपेट में ले रहा है। कुछ गांवों में बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। लोग बेहाल हैं। गली-मोहल्लों, सड़कों सब जगह पानी ही पानी है। जल आयोग की रिपोर्ट के अनुसार नदी खतरा बिंदु 64.01 मीटर के सापेक्ष मंगलवार को दोपहर बाद 64.91 मीटर पर बह रही थी। जो खतरा निशान से करीब एक मीटर ऊपर पहुंचने वाली है।

रिपोर्ट के मुताबिक अभी भी आधा सेमी प्रति घण्टे की दर से बढ़ाव जारी है। यदि यही स्थिति रही तो नदी बुधवार को खतरा बिंदु से एक मीटर ऊपर हो जाएगी। वहीं बढ़ते जलस्तर से इलाके के कठौड़ा, लिलकर, सिसोटार, पुरूषोत्तम पट्टी, खरीद, बसारिखपुर समेत दो दर्जन गांवों पर खतरा बढ़ गया है। कठौड़ा स्थित राजभर बस्ती में पानी घुसने से हड़कम्प मचा हुआ है।

वहीं अन्य गांव बाढ़ की चपेट में हैं। हालात बद से बदतर होते जा रहे हैं। रिंग बन्धा के पास पहुंच गयी घाघरा ने अब बंधे को टक्कर मारना शुरू कर दिया है। नदी रौद्र रूप धारण कर सीधे 1998 की ओर बढ़नी शुरू हो गयी हैं। 1998 में घाघरा का जलस्तर 66 मीटर था। हालांकि नदी अभी इससे 1.09 मीटर दूर है लेकिन तटवर्ती गांवों के लोगों को काफी मुसीबतों का सामान करना पड़ रहा है। दोनों तरफ से वह पानी से घिरे हैं। खासकर रिंग बंधे के करीब के गांवों की स्थिति सबसे बुरी है।

वहीं घाघरा नदी का जलस्तर खतरे के निशान से करीब एक मीटर ऊपर बह रही है। नदी में पानी बढ़ने से हाहानाला राजभर बस्ती, गुलौरा, मठिया, तुर्तीपार, सहियां, बिल्थराबाजर, हल्दीरामपुर आदि गांवों में भी पानी का दबाव बढ़ा हुआ है। बिल्थरा बाजार के गौतम बुद्ध घाट स्थित मंदिर और गुलौरा-मठिया शिव मंदिर बाढ़ के पानी से घिर गया है। तुर्तीपार बंधा तथा गांव के बीच बसे डेंजर जोन में बसे गांवों तक नदी का पानी घुस गया है। किसानों की फसलें चौपट हो गई। घरों का सामान बह गया है। बाढ़ के पानी से हाहाकार मच गया है।

Rashi Srivastav

Recent Posts

‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत जमुना राम पीजी कॉलेज में हुआ पौधरोपण, वन महोत्सव-2026 का आयोजन

बलिया। पर्यावरण संरक्षण और हरियाली को बढ़ावा देने के उद्देश्य से बुधवार को श्री जमुना…

2 days ago

आवास योजना में लापरवाही पर सभी एसडीएम का वेतन रोकने के आदेश

बलिया। जिले में राजस्व और विकास कार्यों की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह…

1 week ago

धूप में पसीने से तरबतर एक डॉक्टर! बलिया को सुषमा शेखर जैसे नेताओं की ज़रूरत क्यों है?

सियासत में बड़े नामों की कोई कमी नहीं है। मंचों पर भाषण देने वाले नेता…

3 weeks ago

फेफना में अकीदत के साथ मनाया गया मोहर्रम, मातमी जुलूस और हैरतअंगेज करतब बने आकर्षण का केंद्र

बलिया। फेफना थाना क्षेत्र में शुक्रवार को मोहर्रम का पर्व पूरी अकीदत, शांति और सौहार्दपूर्ण…

3 weeks ago

एक साल से धूल फांक रही करोड़ों की जांच सुविधा, बांसडीह सीएचसी में नहीं चालू हो सकी बायोकेमिस्ट्री एनालाइजर मशीन

बांसडीह (बलिया)। ग्रामीण क्षेत्र के मरीजों को आधुनिक जांच सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से…

3 weeks ago

अघोषित बिजली कटौती पर सपा युवजन सभा का हल्ला बोल, 9 सूत्रीय मांगों के साथ सौंपा ज्ञापन

भीषण गर्मी के बीच लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती और खराब विद्युत व्यवस्था को…

3 weeks ago