बलिया। अक्टूबर, नवबंर के महीने में पराली जलाने की घटनाएं बढ़ जाती हैं। ऐसे में प्रदूषण काफी खतरनाक स्थिति पर पहुंच जाता है। इस समस्या को ध्यान में रखते हुए श्रीमती गंगा लालवानी बनाम यूनियन ऑफ इण्डिया एण्ड अदर्स में भारत सरकार व अन्य की सुनवाई करते हुए राष्ट्रीय हरित अधिकरण ने निर्देश जारी किए हैं।
जिसके तहत बताया गया कि पराली को जलाना दण्डनीय अपराध है। पराली से उत्पन्न हो रहे प्रदूषण को देखते हुए किसानों पर जुर्माना लगाने की कार्यवाही की गई है। कृषि अपशिष्ट पराली जलाने वाले तहसील के कृषको पर जुर्माना लगाया गया है। तहसील सिकन्दरपुर के 06 किसानों पर जुर्माना की धनराशि 15 हजार और तहसील रसडा के 08 कृषक पर जुर्माना की धनराशि 20 हजार है।
इस मौके पर मौजूद जिला उप कृषि निदेशक इन्द्राज ने कहा कि अपने खेतो में पराली न जलाएं, बल्कि इसका प्रयोग बायो एनर्जी, कम्पोस्ट खाद इत्यादि के लिए करें। इससे मृदा में कार्बनिक पदार्थ की बढोतरी से मृदा जीवाणुओ की क्रियाशीलता बढती है, तथा उत्पादन बढता है। जिन किसानो द्वारा अपने फसल अपशिष्टों/कूडा को जलाया जाता है, तो उनके विरूद्व 02 एकड तक के किसानो को रू0-2500/-प्रति घटना, 02 एकड से 05 एकड तक के किसानो को रू0-5000/-प्रति घटना, तथा 05 एकड़ से अधिक भूमि पर रू015000/-प्रति घटना का जुर्माने का प्रावधान है।
बलिया। जमुना राम मेमोरियल स्कूल, मानपुर चितबड़ागांव में 15 अगस्त को 80वां स्वतंत्रता दिवस हर्षोल्लास,…
सीबीएसई ईस्ट जोन हैंडबॉल प्रतियोगिता 2026-27 में बलिया की जमुना राम मेमोरियल स्कूल, चितबड़ागांव की…
बलिया के नरही थाना गोलीकांड के शहीद विनोद राय की दसवीं पुण्यतिथि पर बुधवार को नरही…
मिर्जापुर। सनबीम एकेडमी नॉलेज पार्क, मिर्जापुर में आयोजित सीबीएसई ईस्ट जोन हैंडबॉल प्रतियोगिता 2026-27 में…
बलिया। रसड़ा विधानसभा क्षेत्र से लगातार तीन बार विधायक रहे और बहुजन समाज पार्टी (बसपा)…
गोरखपुर स्थित बी.एन. पब्लिक स्कूल में 31 जुलाई से 2 अगस्त 2026 तक आयोजित सीबीएसई…