बलियाः अब सरकार की ओर से आयुर्वेद को बढ़ावा दिया जा रहा है। इसी क्रम में 14 नए अस्पतालों का निर्माण किया जाएगा। इन अस्पतालों के लिए जमीन मिल गई है। इन 14 अस्पतालों को बनाने में करीब 4 करोड़ 20 लाख रुपये खर्च होंगे। इस तरह एक स्पताल को बनाने में 30 लाख रुपये की लागत आएगी।
अभी जिले में चार बेड़ के 6 नए राजकीय आयुर्वेदिक अस्पताल के भवन बनकर तैयारी है। जल्द ही इनके हैंडओवर की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। जिन जगहों पर राजकीय आयुर्वेदिक अस्पताल बने हैं, उनमें गड़वार, सिंहाचवर, पशुहारी, माल्दह व सुल्तानपुर और हल्दीपुर शामिल हैं। वहीं जिले में चार यूनानी अस्पताल संचालित हैं जबकि एक नए अस्पताल के लिए जमीन मिल गई है। अब निर्माण का प्रस्ताव तैयार किया जाएगा।
जिले के मुरलीछपरा, अहिरौली, खंदवा, छिब्बी, चंद्रवार, सिकरिया, फरसाटार, मलहपहरसेनपुर, पकवाइनार, हरिपुर सिकंदरपुर, कैरवली, शंकरपुर, पूर व कुरेम में अस्पताल के बनने का रास्ता साफ हो गया है।
अभी जिले में कुल 64 छोटे-बड़े आयुर्वेदिक अस्पताल है। नगर व बांसडीह में 15 बेड, रसड़ा में 25 बेड के अलावा चार बेड के 61 अस्पताल हैं। चितबड़ागांव में 50 बेड के अस्पताल का काम अंतिम चरण में चल रहा है।
यूनानी अधिकारी और प्रभारी क्षेत्रीय आयुर्वेद डॉक्टर संजय सिंह ने बताया कि आयुर्वेदिक अस्पताल के नए भवनों का हैंडओवर एक सप्ताह के भीतर हो जाएगा। इसके बाद चिकित्सकीय उपकरण आदि इंतजाम किए जाएंगे। वहीं नए अस्पतालों के लिए जमीन व बजट मिलने से निर्माण का रास्ता साफ हो गया है।
बलिया। जिले में राजस्व और विकास कार्यों की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी मंगला प्रसाद सिंह…
सियासत में बड़े नामों की कोई कमी नहीं है। मंचों पर भाषण देने वाले नेता…
बलिया। फेफना थाना क्षेत्र में शुक्रवार को मोहर्रम का पर्व पूरी अकीदत, शांति और सौहार्दपूर्ण…
बांसडीह (बलिया)। ग्रामीण क्षेत्र के मरीजों को आधुनिक जांच सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से…
भीषण गर्मी के बीच लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती और खराब विद्युत व्यवस्था को…
जननायक चन्द्रशेखर जी की जन्मशताब्दी को केवल समारोहों तक सीमित न रखकर जनसेवा के संकल्प…