बलिया में एक तरफ ग्रीनफील्ड एक्सप्रेस वे बनने से होने वाले फायदों को जानकर लोग खुश हैं तो वहीं दूसरी तरफ कुछ गरीब परिवार मायूस हैं, क्योंकि इनके खून-पसीने की मेहनत से बने आशियाने इसके जड़ मे आएंगे जिसको सरकार तोड़ने जा रही है।
इन गरीबों की जमीन पर सरकार ने अधिग्रहण कर लिया है और अब सभी आवास तोड़ दिए जाएंगे। इससे लोग काफी ज्यादा परेशान हैं। बता दें कि बलिया शहर के वार्ड नम्बर 11 में एक बड़ा हिस्सा ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे में आ रहा है जो हिस्सा एक्सप्रेसवे में आ रहा है वहां लगभग एक दर्जन परिवारों ने अपना पक्का मकान बनवाया है।
इन घरों को अब तोड़ा जाएगा, साथ ही लोगों को 3 दिन के अंदर घर खाली करने का अल्टीमेटम भी दे दिया गया है। अचानक घर तोड़ने का नोटिस हाथ में आने से लोग परेशान हैं। उन्होंने बताया कि मम गरीब है इसलिए एक स्टाम्प पेपर पर समझौते के मुताबिक जमीन के कीमत को कई किस्तों में दे दिया गया लेकिन जमीन के मालिक ने इसकी रजिस्ट्री हमारे नाम से नही की।
अब ये जमीन एक्सप्रेस वे में आ रही है। न तो हमारे पैसे वापस हुए और न ही जमीन दी गई है। सीधे घर तोड़ने की चेतावनी दी जा रही है। अगर ऐसा हुआ तो हम घर खाली नहीं करेंगे। सभी लोगों ने उत्तर प्रदेश सरकार से न्याय की गुहार लगाई है। उनका कहना है कि जमीन मालिक ने सरकारी पैसा भी ले लिया और जमीन भी हमारे नाम नहीं की। लिहाजा हम आत्महत्या करने को मजबूर हैं। सरकार हमारी मांगों पर सुनवाई करें।
26 जनवरी 2026 को जमुना राम मेमोरियल स्कूल के प्रांगण में 76वां गणतंत्र दिवस समारोह…
बलिया। ध्रुवजी सिंह स्मृति सेवा संस्थान, पूर-बलिया के सचिव भानु प्रकाश सिंह ‘बबलू’ ने विश्वविद्यालय…
बलिया जिले की फेफना विधानसभा क्षेत्र के तीखा गांव में टोंस नदी तट पर स्थित…
बलिया। फेफना जंक्शन पर एक्सप्रेस ट्रेनों के ठहराव को लेकर क्षेत्रवासियों की लंबे समय से…
बलिया के चितबड़ागांव स्थित जमुना राम मेमोरियल स्कूल में भारत रत्न, पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी…