बलिया। ग्रामीण क्षेत्रों में उद्योग को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री ग्रामोद्योग रोजगार योजना संचालित है। इस योजना के तहत ग्रमीण क्षेत्रों में अधिक से अधिक व्यक्तियों को अपने पैरों पर खड़ा करने यानि स्वरोजगार उपलब्ध कराने की दिशा में काम किया जा रहा है। इसके अंतर्गत स्वरोजगार के लिए अधिकतम 10 लाख की आर्थिक सहायता प्रदान करवाई जाती है। बलिया जिले में भी योजना का अच्छे से क्रियान्वयन हो रहा है। स्वरोजगार के लिए इच्छुक व्यक्ति ऑनलाइन आवेदन कर योजना का लाभ ले सकता है।
ऐसे करें आवेदन- जिला ग्रामोद्योग अधिकारी आरएस प्रजापति ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों के इच्छुक पात्र उद्यमी या लाभार्थी www.upkvib.gov.in पर विभिन्न दस्तावेजों की अपलोडिंग सहित ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं एवं आवेदन फार्म की प्रिंटेड प्रति के साथ ही समस्त दस्तावेजों की प्रतियां जिला ग्रामोद्योग कार्यालय में जमा करना होगा।
आदेवन करने के लिए योग्यता- आवेदनकर्ता की उम्र 18 से 50 वर्ष के बीच न्यूनतम शैक्षिक योग्यता कक्षा आठ उत्तीर्ण होना चाहिए। पॉलिटेक्निक, आईटीआई उत्तीर्ण व खादी ग्रामोद्योग से प्रशिक्षण प्राप्त एवं पूर्व से कार्यरत परंपरागत कारीगर को चयन में वरीयता मिलेगी। आरक्षित वर्ग को पांच प्रतिशत राशि का करना होगा। अंशदान सामान्य वर्ग के पुरुष लाभार्थी को कुल परियोजना लागत का 10 प्रतिशत आरक्षित वर्ग तथा (अनुसूचित जाति/जनजाति, अन्य पिछड़ा वर्ग, अल्पसंख्यक, विकलांग, भूतपूर्व सैनिक एवं महिलाओं के लिए) को पांच
प्रतिशत स्वयं का अंशदान लगाना अनिवार्य है। इस योजना से बेरोजगारी की मार झेल रहे तमाम युवा लाभान्वित होकर आर्थिक तौर पर मजबूत बन रहे हैं। कोरोनाकाल में कई लोगों की नौकरियां छिन गई। ऐसे में इस योजना का लाभ उठाकर स्वरोजगार की दिशा में कदम बढ़ाया जा सकता है।
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