बलिया। जिले के अफसर एक नेक पहल करने जा रहे हैं। जहां 198 आंगनबाड़ी केंद्रों को आदर्श केंद्र बनाने के लिए 36 अफसर गोद लेंगे। ये अधिकारी इन केंद्रों पर पेयजल, शौचालय, बिजली आदि सुविधाएं कराएंगे। साथ ही वॉल पेंटिंग भी कराएंगे। ग्रामीणांचल के कुपोषित बच्चों के लिए पौष्टिक आहार और विटामिन, प्रोटीन, कैल्शियम आदि की दवाएं समय से वितरित कराएंगे। बता दें कि, 3 हजार 471 आंगनबाड़ी केंद्रों पर 3 हजार 500 आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां तैनात हैं।
पोषण मिशन के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों के चयन में अल्प विकसित, कम सुविधाओं वाले या फिर दूर-दराज सेंटरों को गोद लेने में प्राथमिकता दी जाएगी। प्रथम चरण में जिला स्तरीय अधिकारियों ने गोद लेने की प्रक्रिया शुरू की है। हालांकि इसमें जनप्रतिनिधियों को भी गोद लेने के लिए प्रेरित किया जाना है। पहले यह व्यवस्था केवल अधिकारियों तक सीमित थी, लेकिन अब जनप्रतिनिधियों को भी गोद लिए जाने की व्यवस्था शुरू की गई है। जिले में अभी किसी जनप्रतिनिधि ने इसकी पहल नहीं की है।
वहीं जिला कार्यक्रम अधिकारी केएम पांडेय का कहना है कि जिला स्तरीय अधिकारी आंगनबाड़ी केंद्रों को गोद लेंगे। कुछ अधिकारी अभी प्रक्रिया में है। शीघ्र ही जनप्रतिनिधि भी आंगनबाड़ी केंद्रों को गोद लेंगे। इसका मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के कुपोषित बच्चों को संतुलित आहार वितरण कराने के साथ शिक्षा के मुख्य धारा से जोड़ना है।
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