Categories: बलिया

बलियाः प्रोफेसर विंध्यवासिनी बने केंद्रीय हिमालय अध्ययन केंद्र के डायरेक्टर

बनारस के प्रोफेसर विंध्यवासिनी पांडेय दिल्ली विश्वविद्यालय के केंद्रीय हिमालय अध्ययन केंद्र के डायरेक्टर बन गए हैं। विंध्यवासिनी दिल्ली विश्वविद्यालय में भूगोल विभाग में प्रोफेसर के पद पर कार्यरत हैं। पांडेय का प्रकृति से गहरा जुड़ाव है।

विंध्यवासिनी पांडेय का जन्म बनारस के दानगंज बाजार चोलापुर ब्लाक के सुल्तानीपुरी गाँव में हुआ है। आरम्भिक शिक्षा बनारस से ग्रहण करने के बाद उन्होंने अपनी उच्च शिक्षा दिल्ली विश्वविद्यालय से ग्रहण की है। इनके निर्देशन में अभी तक 10 से अधिक छात्रों ने पीएचडी किया है। दो दर्जन से अधिक छात्रों को एमफिल करा चुके हैं। 10 से अधिक पुस्तकों का लेखन इन्होने किया हैं। 100 से अधिक शोध पत्र का लेखन इन्होने किया हैं तथा 50 से अधिक फील्ड वर्क का अनुभव इनको है।

भूगोल विभाग में प्रोफेसर के साथ साथ ये दिल्ली विश्वविद्यालय में डीन वर्क,प्रोवोस्ट इंटरनेशनल हास्टल दिल्ली विश्वविद्यालय जैसे महत्वपूर्ण पद पर भी है। केंद्रीय हिमालय अध्ययन केंद्र के डायरेक्टर बनने पर प्रो. विंध्यवासिनी पांडेय ने कहा कि आम लोगों तक हिमालय के बारे में लोगों में जागरूकता लाना ही हमारा पहला उदेश्य रहेगा। देश और दुनिया के लोग इस संस्था के बारे में जाने और हिमालय क्षेत्र पर काम करने वाले सभी लोग दिल्ली विश्वविद्यालय के इस केंद्र से ज्यादा से ज्यादा लाभ ले सके यही पहली कोशिश रहेगी।

बता दें कि केंद्रीय हिमालय अध्ययन केंद्र दिल्ली विश्वविद्यालय का एक केंद्र है। यह संस्था हिमालय क्षेत्र के अध्ययन और अनुसंधान को उन्नति के लिए काम करती है। यह संस्था हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू और कश्मीर, सिक्किम, अरूणाचल प्रदेश, भूटान, नेपाल, तिब्बत, और अन्य हिमालयी राज्यों और प्रदेशों के साथ हिमालय क्षेत्र की विभिन्न पहलुओं का अध्ययन करती है।

इस केंद्र का उद्देश्य हिमालय के इतिहास, भूगोल, समाज, अर्थव्यवस्था, राजनीति, संस्कृति, पारंपरिक ज्ञान, जैव संसाधन, पर्यावरण, सतत विकास और संबंधित क्षेत्रों का अध्ययन करने करना है। इस केंद्र में विभिन्न शोध प्रोजेक्ट्स, सेमिनार्स, कार्यशालाएं, और अन्य शैक्षिक कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं जिनमें हिमालय क्षेत्र के विभिन्न पहलुओं पर विचार किया जाता है। इसके अलावा, यह केंद्र हिमालय क्षेत्र के लिए एक समृद्धि स्रोत के रूप में कार्य करता है और छात्रों और शोधकर्ताओं को इस क्षेत्र में उनके अध्ययन और अनुसंधान के लिए नए अवसर उपलब्ध करता है।

 

Rashi Srivastav

Recent Posts

बलिया की सियासत में नई हलचल: इंजीनियर विजय कांत तिवारी की एंट्री, 2027 पर नजर!

बलिया- अपनी राजनीतिक चेतना और संघर्षों के लिए पहचान रखने वाले बलिया की राजनीति में…

13 hours ago

UPSC में सफलता पर बलिया के जमुना राम मेमोरियल स्कूल में आदित्य कृष्ण तिवारी का सम्मान

जमुना राम मेमोरियल स्कूल, चितबड़ागांव  में संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की परीक्षा में सफलता…

4 days ago

जमुना राम मेमोरियल स्कूल में कक्षा 12वीं का भव्य विदाई समारोह, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के बीच छात्रों को मिली नई उड़ान की प्रेरणा

बलिया।जमुना राम मेमोरियल स्कूल में कक्षा 12वीं के छात्र-छात्राओं के लिए भव्य विदाई समारोह का…

1 month ago

उत्सर्ग व गोंदिया एक्सप्रेस ठहराव पर खुशी, लंबित मांगों को लेकर सौंपा ज्ञापन

फेफना (बलिया)। क्षेत्रीय संघर्ष समिति फेफना के नेतृत्व में शुक्रवार को क्षेत्रवासियों ने रेलवे बोर्ड…

2 months ago

Photos- जमुना राम मेमोरियल स्कूल में गणतंत्र दिवस समारोह हर्षोल्लास से संपन्न

26 जनवरी 2026 को जमुना राम मेमोरियल स्कूल के प्रांगण में 76वां गणतंत्र दिवस समारोह…

2 months ago

2 months ago