बलिया. कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर किसी मामले को लेकर थानेदार को बुलवाया, लेकिन उसने मंत्री जी की बात को अनसुना कर दिया और बुलाने पर भी नहीं आया। यह बात मंत्री जी को इतनी नागवार गुजरी कि वह अपने समर्थकों और भीड़ के साथ पहुंचकर थाना घेराव कर दिया। वह काफी देर तक वहां रहे। दरअसल उत्तर प्रदेश में बीजेपी की सहयोगी पार्टी सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और यू पी की योगी सरकार में कैबिनेट मंत्री ओम प्रकाश राजभर जब भी बलिया में रहते हैं वह अपने कार्यालय पर दरबार लगाकर जनसुनवाई करते हैं।
रसड़ा के कोतवाली रोड स्थित उनके आवास पर ही उनका पार्टी कार्यालय है। गुरुवार को भी वह अपने कार्यालय पर जनसुनवाई कर रहे थे। उसमें कार्यकर्ता और फरियादी दोनों मौजूद थे। इसी दौरान कोई मामला आया तो मंत्री जी ने तत्काल संबंधित रसड़ा कोतवाली को फोन लगा दिया। कोतवाल ज्ञानेश्वर मिरा से उनकी बात हुई और उन्होंने कोतवाल को पार्अी कार्यालय बुलाया।
कोतवाल ने मंत्री जी बात सुनी तो पर उसे अनसुना कर दिया और वहां नहीं पहुंचे। मंत्री जी का आवास रसड़ा कोतवाली मार्ग पर महज एक किलोमीटर की दूरी पर है। बावजूद इसके जब करीब घंटे भर बाद भी कोतवाल नहीं आए तो मंत्री जी को यह बात नागवार लगी। गुस्से में लाल मंत्री जी अपने समर्थकों और जनसुनवाई में आई भीड़ को लेकर कोतवाली पहुंच गए।
बताया गया है कि उन्होंने वहां धेराव कर दिया। मंत्री जी पहुंचे तो कोतवाल ज्ञानेश्वर मिश्रा कोतवाली में ही मौजूद थे। काफी देर तक समर्थकों संग ओम प्रकाश राजभर कातवाली पर डटे रहे।
तीन बार के विधायक उमाशंकर सिंह के निधन के बाद रसड़ा की राजनीतिक तस्वीर बदल…
फेफना विधानसभा सीट पर 2027 को लेकर जनता का मूड क्या है? विधायक संग्राम सिंह…
सिकंदरपुर विधानसभा में 2027 की तैयारी शुरू हो चुकी है। विधायक जियाउद्दीन रिजवी के कार्यकाल…
बेल्थरा रोड (सुरक्षित) विधानसभा सीट पर 2027 का मुकाबला दिलचस्प होने वाला है। विधायक हंसू…
बैरिया विधानसभा में 2027 को लेकर चर्चाएं शुरू हो चुकी हैं। विधायक जय प्रकाश अञ्चल…
बांसडीह की राजनीति हमेशा से बलिया की सबसे चर्चित सियासी ज़मीन रही है। 2027 से…