सांकेतिक तस्वीर
बलिया- पिछले कुछ दिनों में योगी सरकार की कानून व्यवस्था को लेकर भले ही ये दावा किया जा रहा रही है कि अपराधी या तो जेल में या प्रदेश से बाहर है. या ऊपर पर चले गयें. लेकिन हकीकत कुछ और ही नज़र आ रही है. बलिया में पुलिस की सुस्ती के चलते इस समय अपराधियो के हौसले बुलंद है. और वो आये दिन किसी न किसी बड़ी घटना को अंजाम देकर पुलिस को खुली चुनौती दे रहे है. अगर ताज़े मामलों पर नज़र डाले तो बलिया के गडवार थाना क्षेत्र के बलेसरा गाव की है जहा कैशफार माइक्रो फाईनेंस कम्पनी का पैसा वसूली कर के आ रहे एजेंट को बाईक सवार बदमाशो ने गोली मारकर भाग निकले वही अचानक गोलियों की तड़तड़ाहट से ग्रामीणों में जबरजस्त भगदड़ मच गयी. हलाकि इस घटना में सुनील यादव की मौत जिलाचिकित्सालय में इलाज के दौरान हो गयी.
वही दूसरा मामला रविवार को सपा कार्यकर्ता की हत्या का सामने आया था .समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता मनोज कुमार सिंह की हत्या कर लाश सहतवार थाना क्षेत्र के टीएस बंधा स्थित महाराजपुर चट्टी पर फेंकी मिली थी.
बांसडीह रोड थाना क्षेत्र के पुरसा निवासी मनोज कुमार सिंह (45) को पूर्व मंत्री नारद राय का करीबी बताया गया है। पुलिस के मुताबिक, बदमाशों ने हत्या कर लाश यहां फेंकी है। अभी हत्या के कारणों का पता नहीं चल सका है। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस अधीक्षक श्रीपर्णा गांगुली भी मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल की। इस मामले को 3 दिन होने के बाद भी पुलिस किसी नतीजे पर नहीं पहुच पायी है.
वही तीसरा मामला रसड़ा का है जहाँ बदमाशों ने शनिवार सुबह भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के कार्यकर्ता पर हमला कर दिया था. छह हथियारबंद बदमाशों द्वारा बीजेपी कार्यकर्ता नथुनी सिंह पर किए गए जानलेवा हमले में वह तो बाल-बाल बच गए लेकिन उनके साथी को गोली लग गई थी. रसड़ा कोतवाली क्षेत्र के मोतिरा गांव निवासी बीजेपी कार्यकर्ता नथुनी सिंह अपने गांव के ही बीरबल चौहान और पारस राजभर के साथ ट्यूबवेल पर बैठे थे। इसी दौरान 5-6 हथियारबंद बदमाश पहुंच गए.
बदमाशों ने नथुनी सिंह के बारे में पूछकर फायर कर दिया। इस बीच हाथापाई में नथुनी सिंह के सहयोगी बीरबल चौहान के पैर में गोली लग गई. शोर मचने पर मौके पर ग्रामीण इकट्ठा होने लगे. खुद को घिरता हुआ देखकर बदमाश मौके से भाग निकले थे .
बलिया। समाजवादी राजनीति में राम गोविंद चौधरी की पहचान और उनके लंबे राजनीतिक अनुभव की…
तीन बार के विधायक उमाशंकर सिंह के निधन के बाद रसड़ा की राजनीतिक तस्वीर बदल…
फेफना विधानसभा सीट पर 2027 को लेकर जनता का मूड क्या है? विधायक संग्राम सिंह…
सिकंदरपुर विधानसभा में 2027 की तैयारी शुरू हो चुकी है। विधायक जियाउद्दीन रिजवी के कार्यकाल…
बेल्थरा रोड (सुरक्षित) विधानसभा सीट पर 2027 का मुकाबला दिलचस्प होने वाला है। विधायक हंसू…
बैरिया विधानसभा में 2027 को लेकर चर्चाएं शुरू हो चुकी हैं। विधायक जय प्रकाश अञ्चल…