बेल्थरा रोड। बेटियां किसी भी मामले में बेटों से कम नहीं होती, अगर उन्हें सही मौका दिया जाए तो बेटियां आसमान नाप सकती हैं। बलिया में सरयू किनारे तुर्तीपार घाट पर शुक्रवार को एकलौती बेटी खुश्बू सिंह ने अपने पिता को मुखाग्नि दी तो मौजूद हर किसी की आंखे नम हो गई। लेकिन अपने पिता के निधन पर बिलखती इस बिटिया के हौसला और निर्णय को देख बेटियों पर फख्र करने वालों का सर गर्व से ऊंचा हो गया। इस बेटी की हिम्मत की सभी क्षेत्रवासी सराहना कर रहे हैं।
भीमपुरा थाना के कसौंडर गांव निवासी सागर सिंह नाम के किसान का गुरुवार को अचानक हृदयगति रुकने से निधन हो गया। घर में उसकी पत्नी और एकलौती बेटी खुश्बू सिंह हैं। बेटी ने ही पिता के निधन की जानकारी पड़ोसियों और रिश्तेदारों को दी। मृतक सागर सिंह के तीन भाईयों में एक का पहले ही निधन हो गया है।जबकि एक बड़े भाई परिवार समेत लंबे समय से गैर प्रांत में रहते हैं। शुक्रवार तक मृतक के बड़े भाई समय पर नहीं पहुंचे तो आसपास के लोगों के कहने पर बिटिया खुश्बू ने ही अपने पिता को कंधा दिया और सरयू नदी किनारे तुर्तीपार घाट तक पहुंची और बिटिया ने
ही अपने पिता को मुखाग्नि भी दी।सामाजिक रीति रिवाज से हटकर साहसी बेटी के इस निर्णय को अधिकांश लोगों ने सराहा और हौसला दिया। खुशबू को मुखाग्नि देते देख मौजूद सभी की आंखे नम हो गई। खुशबू सिंह अभी एमएससी की पढ़ाई कर रही हैं।
बलिया।जमुना राम मेमोरियल स्कूल में कक्षा 12वीं के छात्र-छात्राओं के लिए भव्य विदाई समारोह का…
फेफना (बलिया)। क्षेत्रीय संघर्ष समिति फेफना के नेतृत्व में शुक्रवार को क्षेत्रवासियों ने रेलवे बोर्ड…
26 जनवरी 2026 को जमुना राम मेमोरियल स्कूल के प्रांगण में 76वां गणतंत्र दिवस समारोह…
बलिया। ध्रुवजी सिंह स्मृति सेवा संस्थान, पूर-बलिया के सचिव भानु प्रकाश सिंह ‘बबलू’ ने विश्वविद्यालय…
बलिया जिले की फेफना विधानसभा क्षेत्र के तीखा गांव में टोंस नदी तट पर स्थित…